हरदोई। ठगपुरवा में शनिवार शाम पिता पर वार कर रहे चाचा से किशोर ने कुल्हाड़ी छीन ली। चाचा ने पास पड़ा बांस किशोर के सिर पर मार दिया। लखनऊ के डॉ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल में किशोर की मौत हो गई।
बेहटा गोकुल थाना क्षेत्र के ठगपुरवा निवासी महिपाल राजस्थान में मजदूरी करता था। सात अप्रैल को वह वापस गांव आया था। गांव में अपने पुत्र अजीत उर्फ सहवाग (15) और पुत्री सुनीता (12) के साथ रहता था। उसकी पत्नी रुक्मिणी की मौत हो चुकी है। बीते शुक्रवार की शाम महिपाल का छोटा भाई विजय कुमार नशे में धुत होकर राशन मांगने महिपाल के पास गया था। इस दौरान विजय कुमार के पास दस हजार रुपये थे। महिपाल ने राशन देने से इन्कार कर दिया। साथ ही पूछा कि दस हजार रुपये कहां से आए।
इस पर विजय ने बताया कि महिपाल के हिस्से की सवा बीघा भूमि एक शख्स को बटाई पर दे दी है। उसी से दस हजार मिले हैं। इस पर दोनों के बीच विवाद हुआ। आसपास के लोगों ने मामला शांत करा दिया। शनिवार शाम फिर से इसी बात को लेकर विवाद हुआ। विजय ने कुल्हाड़ी से भाई महिपाल पर वार करने की कोशिश की, लेकिन अजीत ने कुल्हाड़ी छीन ली। इससे नाराज विजय ने पास ही पड़े बांस से अजीत के सिर पर वार कर दिया। गंभीर हालत में अजीत को शहर के एक प्राइवेट अस्पताल लाया गया। हालत गंभीर होने पर परिजन उसे डाॅ. राम मनोहर लोहिया अस्पताल लखनऊ ले गए। यहां चिकित्सक ने अजीत को मृत घोषित कर दिया।
दो साल से कर रहा था बर्दाश्त, इस बार टोका तो खो बैठा बेटा
महिपाल तीन भाइयों में सबसे बड़ा है। उससे छोटे पप्पू की मौत हो चुकी है, जबकि सबसे छोटा विजय कुमार है। तीनों भाइयों के बीच कुल दस बीघा जमीन है। जमीन का आपस में ही बंटवारा है। ढाई बीघे के एक खेत में विजय और महिपाल का आधा-आधा हिस्सा है। दो साल से विजय महिपाल का भी खेत बटाई पर 30 हजार रुपये में दे देता था। दो साल से महिपाल इसे बर्दाश्त कर रहा था और पिछले साल उसने उसके हिस्से की जमीन किसी को न देने की नसीहत दी थी। इसके बाद भी इस साल फिर से महिपाल की जमीन विजय ने बटाई पर दे दी। इसी को लेकर विवाद हुआ और विवाद में महिपाल के बेटे अजीत की मौत हो गई।