हरदोई। पिहानी चुंगी से खेतुई तक सड़क के चौड़ीकररण और डिवाइडर निर्माण के कार्य का श्रेय लेने को सदर सांसद जय प्रकाश और आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल आमने सामने हैं। सांसद जय प्रकाश ने सोमवार को पत्रकार वार्ता कर मार्ग निर्माण को मंजूरी दिलाने को लेकर किए गए अपने प्रयासों की जानकारी दी थी। इससे पहले आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल इस मार्ग के निर्माण के लिए लगातार मुख्यमंत्री और शासन स्तर से बातचीत किए जाने का दावा कई बार कर चुके हैं। दावों के बीच हकीकत जानने के लिए संवाद न्यूज एजेंसी की टीम ने लोक निर्माण विभाग से इस मार्ग के निर्माण को लेकर जमीनी हकीकत जानी। सांसद की आपत्ति और मंत्री के भूमि पूजन के बीच लोक निर्माण विभाग के अभियंताओं ने पूरे मामले पर कोई टिप्पणी करने से साफ इनकार कर दिया। बावजूद इसके अभिलेखों ने काफी कुछ बता दिया। अभिलेखों के मुताबिक तो मार्ग निर्माण को लेकर किए गए प्रयासों पर नितिन अग्रवाल का पलड़ा भारी नजर आ रहा है। हालांकि इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि सदर सांसद ने इसके लिए कोई प्रयास नहीं किए। अभिलेखों की पड़ताल में जो कुछ सामने आया वह यहां लिखा जा रहा है।
आबकारी मंत्री के प्रस्ताव पर दौड़ना शुरू हुई थी फाइल
. पांच मार्च 2025 को लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता ने मुख्य अभियंता को प्रस्ताव भेजा इसमें उल्लेख किया कि सदर विधायक और आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल के पत्र पर प्रस्ताव भेजा जा रहा है। यह भी लिखा कि 19 फरवरी 2025 को शासन को लिखे गए आबकारी मंत्री के पत्र के क्रम में यह प्रस्ताव भेजा गया है।
इस पत्र पर बना प्रतिवेदन
. पलिया लखनऊ मार्ग के चैनेज 158.500 से किलोमीटर 169.00 (पिहानी चुंगी से खेतुई तक) चौड़ीकरण, रोड सेफ्टी और साइनेज कार्य का प्रतिवेदन लोक निर्माण विभाग ने शासन को भेजा था। शासन को भेजे गए इस प्रतिवेदन में उल्लेख किया गया था कि आबकारी मंत्री नितिन अग्रवल के पत्र के क्रम में यह प्रतिवेदन विस्तृत ब्योरे के साथ भेजा जा रहा है।
. लोक निर्माण विभाग के मध्य क्षेत्र के मुख्य अभियंता रविंद्र सिंह ने सात मार्च 2025 को विस्तृत प्रस्ताव प्रमुख अभियंता के कार्यालय को भेजा था। इसमें उल्लेखित किए गए संदर्भ में आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल के पत्र का हवाला दिया गया।
. 11 अप्रैल 2025 काे तत्कालीन जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्ममंत्री को मार्ग चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण के प्रस्ताव भेजे गए थे। तब जनपद की आठ विधानसभा क्षेत्रों के 34 कार्याें का प्रस्ताव भेजा गया था। जिलाधिकारी कार्यालय से भेजे गए प्रस्ताव में प्रसतावक का नाम भी दर्ज था। पिहानी चुंगी से खेतुई तक के कार्य के प्रस्तावक के रूप में अभिलेखों में नितिन अग्रवाल का नाम ही दर्ज है।
. 30 जुलाई 2025 को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हरदोई और सीतापुर समेत कई जनपदों के जनप्रतिनिधियों से लोक निर्माण विभाग के कार्याें के प्रस्ताव मांगे थे। लोक निर्माण विभाग के अभिलेखों के मुताबिक 30 जुलाई 2025 को आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल ने इस संबंध में मुख्यमंत्री को पत्र दिया था। इसमें बताया गया था कि उक्त मार्ग का प्रस्ताव बजट के लिए लंबित है।
सदर सांसद ने दिशा की चार बैठकों में उठाया मुद्दा, सीएम से भी मिले
सदर सांसद जय प्रकाश ने पत्रकार वार्ता में दावा किया था कि उक्त मार्ग के निर्माण के लिए वह तीन वर्ष से प्रयासरत थे। सांसद के प्रयासों की जानकारी जुटाई गई तो पता चला कि उन्होंने 20 मई 2022 को हुई दिशा की बैठक में पिहानी चुंगी से लखनऊ चुंगी तक रेाड मरम्मत और डिवाइडर का कार्य आश्वास दिए जाने के बाद भी न होने पर नाराजगी जताई। इसके बाद 19 फरवरी 023 की दिशा बैठक में पिहानी चुंगी से सिनेमा चौराहा और लखनऊ चुंगी तक के मार्ग का मामला सांसद ने फिर से उठाया। तीस मई 2023 और 16 अक्तूबर 2024 को भी उन्होंने दिशा की बैठक में इस सड़क का मामला उठाया। 16 अक्तूबर को दिशा की बैठक में मामला उठने के बाद पता चला कि एनएचएआई ने यह कार्य कराने से हाथ खड़े कर दिए हैं। तत्कालीन डीएम मंगला प्रसाद सिंह ने रोड एनएचएआई से वापस पीडब्ल्यूडी को दिलाने के लिए पत्र लिखा था। इसी क्रम में 23 जनवरी 2025 को पिहानी चुंगी से खेतुई तक की सड़क पीडब्ल्यूडी को वापस कर दी गई थी।