हरदोई। दिवाली पर गांवों की सरकार के लिए खजाना खोल दिया गया है। शासन ने गांवों में विकास कार्यों को कराए जाने के साथ ही कर्मियों के मानदेय भुगतान के लिए ग्राम, क्षेत्र और जिला पंचायत को करीब 15 करोड़ रुपये दिए हैं। अनुसूचित जाति बाहुल जिला होने के कारण जिले को अन्य जनपदों की अपेक्षा अधिक रुपये मिले हैं।
शासन ने दिवाली पर पंचायतों के लिए खजाना खोला है। शासन की तरफ से पंचम राज्य वित्त आयोग की संस्तुति पर जिले की 1,293 ग्राम पंचायतों, 19 क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायत के लिए करीब 15,00,00,000 रुपये दिए गए हैं जिसमें 15-15 प्रतिशत रुपये जिला पंचायत और क्षेत्र पंचायतों को दिए गए हैं। जिला पंचायत और क्षेत्र पंचायतों को करीब 2,25,00,000-2,50,00,000 रुपये मिले हैं।
शासन की तरफ से विशेष सचिव आलोक कुमार ने जारी आदेश में राज्य वित्त आयोग की मद में रुपये दिए जाने की जानकारी दी है। पंचायतों को रुपये मिल जाने से अब गांवों के विकास में तेजी आएगी। अगले साल होने वाले पंचायतों के चुनाव को देखते हुए पंचायत के प्रतिनिधि अपने हिसाब से पिछड़े और प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में काम कराकर जनता को खुश भी कर सकेंगे। वहीं, राज्य वित्त आयोग की मद से ही पंचायतों में काम करने वाले केयर टेकर, पंचायत सहायक आदि के मानदेय का भुगतान भी दिवाली से पहले दिया जा सकेगा।
प्रदेश की पंचायतों के लिए शासन ने जारी किए 900 करोड़ रुपये
शासन के विशेष सचिव आलोक दीक्षित की तरफ से जारी आदेश में कहा गया कि पंचम राज्य वित्त आयोग की संस्तुति पर प्रदेश की जिला पंचायत, क्षेत्र पंचायत और ग्राम पंचायतों को राज्य वित्त आयोग की मद में 900 करोड़ रुपये दिए गए हैं। कहा कि 900 करोड़ रुपये में 135 करोड़ रुपये जिला पंचायतों और 135 करोड़ रुपये क्षेत्र पंचायतों को दिए गए हैं।
शासन की तरफ से पंचायतों को राज्य वित्त आयोग की मद में रुपये दिए जाने की जानकारी मिली है। राज्य वित्त आयोग की मद में अनुमन्य कार्यों और मानदेय आदि के भुगतान में पंचायतों को आसानी होगी। पंचायतों को भुगतान के साथ ही उसका विवरण ई-ग्राम स्वराज पोर्टल पर भी अपलोड कराना होगा जिससे आवश्यकता पड़ने पर सत्यापन और गड़बड़ी पर कार्रवाई भी की जा सके। -विनय कुमार सिंह, जिला पंचायत राज अधिकारी