पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह के जन्म दिवस
मंगलवार को किसान दिवस के रूप में मनाया गया। संभागीय कृषि शोध केंद्र
परिसर में किसान मेला व गोष्ठी आयोजित हुई, जिसमें सीडीओ ने चरण सिंह के
जीवन परिचय पर विचार व्यक्त किए और उनके द्वारा किसानों के हितों में किए
गए कार्यों की चरचा की। सीडीओ ने प्रगतिशील किसानों को नगद पुरस्कार देकर
सम्मानित भी किया।
किसान दिवस के मौके पर संभागीय कृषि शोध केंद्र परिसर
में पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह के जन्म दिवस पर आयोजित गोष्ठी की
शुरुआत सीडीओ आरएनएस यादव ने पूर्व प्रधानमंत्री के चित्र पर माल्यार्पण
करके की। सीडीओ ने कहा कि किसानों के हितों में हमेशा से पूर्व
प्रधानमंत्री तत्पर रहे। वह इस पर मंथन करते रहते थे कि देश का किसान
प्रगति किस प्रकार कर सके।
किसानों से कहा कि उन्नति खेती के लिए अच्छी
खाद, बीज का प्रयोग करें साथ ही अपने खेत का मृदा परीक्षण जरूर कराएं।
खेतों में हरी खाद का प्रयोग करें, समय से फसल बुआई, निराई व गुड़ाई करें।
समय से खेतों की बुआई करने से फसल का उत्पादन 25 फीसदी बढ़ता है। छोटे
किसानों से कहा कि वह प्रगतिशील किसानों से खेती के अच्छे गुणों को सीखें
और पशुपालन भी करें।
आय बढ़ाने को परंपरागत खेती के साथ फल, फूल और
सब्जी को भी उगाएं। सीडीओ ने 20 प्रगतिशील किसानों में सात हजार रुपये
प्रथम व पांच हजार रुपये द्वितीय पुरस्कार की चेक प्रदान की। डीडीओ
श्रीनिवास मिश्र ने फसल को बीमारी से बचाने को बुआई से पहले बीज का शोधन
कराने की अपील की। उपकृषि निदेशक बृजेश चंद्र ने जिले में बुआई क्षेत्रफल
को बताया और समय पर बुआई को कहा।
उन्होंने सिंचाई के लिए सोलर बेल्टिक पंप
सेट लगवाने को सरकार से मिलने वाले 75 फीसदी अनुदान की जानकारी दी। गोष्ठी
में उपकृषि निदेशक शोध, जिला कृषि अधिकारी विनोद यादव, जिला गन्ना अधिकारी
संजय कुमार, सहायक निदेशक मत्स्य बृजेश हलवाई, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी
डा. आरएम दीक्षित मौजूद थे।
उधर, किसान दिवस पर किसानों को कई विभागों
द्वारा लगाए गए स्टाल से जानकारी भी दी गई। किसान मेले में भूमि सुधार
निगम, किसान ट्रेडिंग कंपनी, यूपी एग्रो, उद्यान एवं खाद प्रसंस्करण विभाग,
बाल विकास विभाग, लघु सिंचाई विभाग, पशु पालन विभाग, गन्ना विकास,
डीएससीएल शुगर हरियावां व कृषि विभाग सहित कई निजी संस्था व खाद दुकानदारों
ने स्टाल लगाए।