फोटो-डिप्टीआरएमओ को ज्ञापन देने के बाद मौजूद विभिन्न क्रय एजेंसियों के केंद्र प्रभारी। स्रोत स्
हरदोई। धान खरीद में बिचौलियों से परेशान केंद्र प्रभारियों ने मोर्चा खोल दिया है। विपणन विभाग, पीसीएफ, पीसीयू और मंडी परिषद के केंद्र प्रभारियों ने संक्षिप्त बैठक के बाद बिचौलियों का दखल रोके जाने की मांग की।
इसको लेकर डीएम को संबोधित ज्ञापन जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी निहारिका को सौंपा। ज्ञापन में कहा कि बिचौलियों का दखल बंद न हुआ तो धान खरीद केंद्र नहीं चला पाएंगे। आरोप यह भी है कि बिचौलिये टोकन व्यवस्था को धता बताकर बीच में धान की तौल कराने के लिए दबाव बनाते हैं।
जनपद में धान खरीद के लिए सरकारी केंद्र बने हुए हैं। इन केंद्रों पर तैनात प्रभारियों ने बुधवार को एक बैठक की। बैठक में केंद्र प्रभारियों ने बिचौलियों के दखल से खरीद प्रभावित होने और इस कारण सरकार की छवि खराब होने को लेकर बात रखी। केंद्र प्रभारियों का कहना है कि टोकन व्यवस्था के क्रम में आने वाले किसानों की धान की खरीद की जाती है। इसी बीच कुछ रसूखदार बिचौलिये बिना टोकन के ही धान की तौल कराने का दबाव बनाते हैं। बात न मानने पर मनगढ़ंत शिकायतें करने की धमकी देते हैं। आरोप है कि बिचौलिये दबाव बनाकर कार्रवाई कराने की धमकी भी दे रहे हैं।
केंद्र प्रभारियों का कहना है कि एफआरके फोर्टीफाइड राइस कनेल न होने के कारण राइस मिलर्स चावल का उतार नहीं कर पा रहे हैं। इस कारण क्रय केंद्रों पर धान डंप हो रहा है। ज्ञापन में कहा गया कि अगर बिचौलियों के दबाव में किसी पर कार्रवाई होती है तो क्रय केंद्रों का संचालन बंद करना पड़ेगा। ज्ञापन देने वालों में पीसीएफ के जिला प्रबंधक, विवेक यादव, पीसीयू के जिला प्रबंधक अमित कुमार, क्षेत्रीय विपणन अधिकारी राजेश यादव, उत्तर प्रदेश संयुक्त सहकारी समिति कर्मचारी संघ के मंत्री सुरेश चंद्र राठौर आदि शामिल रहे।