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Hardoi News: अतिवृष्टि ने तोड़े किसानों के अरमान, 6,504 हेक्टेयर फसलें प्रभावित

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फोटो 19: बरसात के साथ हवा से गिरी धान की फसल। संवाद
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हरदोई। अतिवृष्टि ने किसानों के अरमानों और उम्मीदों पर कहर बरपाया है। 25 से 27 सितंबर तक हुई अतिवृष्टि और हवा ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। बारिश और हवा से प्रारंभिक सर्वे में जिले की 6,504 हेक्टेयर फसलों को नुकसान पहुंचा है।
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अतिवृष्टि में शुक्रवार रात से रविवार शाम तक करीब 250 मिलीमीटर से अधिक बरसात दर्ज की गई। इससे पानी निकासी और भूमि में पानी सोखने की क्षमता भी प्रभावित हुई। खेतों में पानी भरा है और इससे धान, मक्का, उड़द, तिल, मूंगफली, मूंग, ज्वार-बाजरा और गन्ने की फसलें प्रभावित हुई हैं। इन फसलों का उत्पादन भी प्रभावित होने की आशंका है। खेतों में जलजमाव के कारण दलहनी और तिलहनी फसलें सड़ने लगी हैं। आंखों के सामने किसान फसल बर्बाद होते देख रहे हैं।
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झरोइया निवासी किसान अमरीश शुक्ला ने बताया कि चक्रवाती बरसात और हवा ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। 15 बीघा मूंगफली और उड़द की फसल खेत में खड़ी थी जो खराब हो गई। अब लागत निकालना भी मुश्किल हो गया है।
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गोविंदपुर निवासी धनंजय मिश्रा ने बताया कि उनका 20 बीघा गन्ना तेज हवा और बारिश से जमीन पर पलट गया है। अब उसे मजदूरों से बंधवाना पड़ रहा है जिससे अतिरिक्त खर्च बढ़ गया है। पांच बीघा मक्का की फसल पानी में सड़ रही है इसकी जोताई करानी होगी।
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भटपुरवा निवासी श्रीकृष्ण ने बताया कि उनकी छह बीघा धान की फसल पक कर तैयार थी। कुछ दिन बाद कटाई होनी थी लेकिन बारिश ने सब चौपट कर दिया। कहा कि यह बारिश हम जैसे छोटे किसानों के लिए किसी सदमे से कम नहीं।
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आनंदपुर निवासी राकेश तिवारी ने बताया कि उनकी 10 बीघा उर्द की फसल खेत में पानी भरने से सड़ गई। जलजमाव से खेत तालाब बन गया है। कहा कि यह पानी आफत बनकर आया है जिसमें किसानों के सपने भी डूब गए हैं।
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आनंदपुर के गोपाल ने बताया कि उनका गन्ना पलट गया है और उर्द की फसल पूरी तरह नष्ट हो गई है। समझ में नहीं आ रहा क्या करें। बरसात और हवा ने हाथ में आई फसल छीन ली।

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लगातार बरसात और हवा से फसलों को नुकसान पहुंचा है। इसका तहसीलों के माध्यम से किसान, गाटा और फसलवार आकलन कराया जा रहा है। इसके लिए रोस्टर भी जारी किया गया है। प्रारंभिक सर्वे में 3,36,193 हेक्टेयर में से 6,504.14 हेक्टेयर फसलें क्षतिग्रस्त चिह्नित की गई हैं। यह आकड़ा अभी और बढ़ सकता है। पीड़ित किसानों को दैवी आपदा मद से नियमानुसार क्षतिपूर्ति का भुगतान कराया जाएगा। -राहुल पांडेय, जिलाधिकारी
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फैक्ट फाइल

अतिवृष्टि से तहसीलवार क्षतिग्रस्त फसलों पर एक नजर
तहसील : बोया गया क्षेत्रफल : प्रभावित क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)
हरदोई : 91,631 : 1,073
बिलग्राम : 51,638 : 1,520
सवायजपुर : 49,897 : 2,593
शाहाबाद : 59,253 : 693
संडीला : 83,774 : 625

फोटो 19: बरसात के साथ हवा से गिरी धान की फसल। संवाद

फोटो 19: बरसात के साथ हवा से गिरी धान की फसल। संवाद

फोटो 19: बरसात के साथ हवा से गिरी धान की फसल। संवाद

फोटो 19: बरसात के साथ हवा से गिरी धान की फसल। संवाद

फोटो 19: बरसात के साथ हवा से गिरी धान की फसल। संवाद

फोटो 19: बरसात के साथ हवा से गिरी धान की फसल। संवाद

फोटो 19: बरसात के साथ हवा से गिरी धान की फसल। संवाद

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