तेज गर्मी में बुखार से मंगलवार को तीन की मौत हो गई। जानलेवा बुखार ने बुजुर्ग महिला, अठसैनी में जामा मस्जिद के इमाम और बहादुरगढ़ में नाना के घर आए दुधमुंहे बच्चे की जान ले ली।
आदर्श कन्या इंटर कॉलेज के पास रहने वाले कंछिद प्रजापति की मां रज्जो देवी (65) की तेज बुखार के चलते मंगलवार सुबह मौत हो गई। वह एक सप्ताह से बुखार से पीड़ित थीं।
सुबह पांच बजे अचानक तबियत बिगड़ गई और चिकित्सक को बुलाने से पहले ही उनकी मौत हो गई। अठसैनी की जामा मस्जिद में इमामत करने वाले मौलाना अशरफ (41) निवासी गांव ढक्का जनपद अमरोहा की रात में 9 बजे मौत हो गई।
दोपहर को नमाज पढ़ाने के बाद मौलाना अशरफ को बुखार हो गया था, इस दौरान वह रोजे से थे। स्थानीय चिकित्सक की दवा से फायदा न होने पर उन्हें मेरठ के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी मौत हो गई।
शव को पहले अठसैनी लाया गया। यहां से परिजन शव को अमरोहा ले गए। बुखार से तीसरी मौत बहादुरगढ़ क्षेत्र के गांव डेहरा रामपुुर में हुई। यहां चार माह से अपने मायके में रह रही सलमा के एक वर्षीय बेटे इस्माइल की सोमवार की रात में मौत हो गई।
नाना यामीन ने बताया कि तीन दिन पहले बुखार आने पर सबसे पहले गांव के चिकित्सक से दवा दिलाई गई थी। मस्जिद के इमाम, बुजुर्ग महिला और नाना के घर आए दुधमुंहे बच्चे की मौत होने से तीन दिन के भीतर बुखार से मरने वालों की तादाद चार हो गई है।
सीएचसी अधीक्षक डॉ.एसपी सिंह ने बताया कि संबंधित गांवों में कैंप लगवाकर लोगों को मच्छरों से बचाव के प्रति जागरूक करने के साथ ही मरीजों की जांच और जरूरी दवाओं का वितरण कराया जाएगा।