हापुड़/गढ़मुक्तेश्वर। अमरोहा के गजरौला निवासी छात्र का अपहरण करने के मामले में पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। बदमाशों ने नेशनल हाईवे 09 की सर्विस लेन से अपहरण किया था। पुलिस ने अपहृत छात्र को सकुशल बरामद करने के साथ ही फिरौती के साढ़े सात लाख रुपये नकद, अवैध हथियार और कार भी बरामद किए।
एसपी ज्ञानंजय सिंह ने बृहस्पतिवार को बताया कि अमरोहा के गजरौला थाना क्षेत्र के अलीपुर चौपला निवासी शरीफ ने अपने बेटे फाजिल हयात के अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
फाजिल हयात धार्मिक शिक्षा पूरी करने के बाद देवबंद से इफ्ता का फार्म भरकर लौट रहे थे। 16 अप्रैल की शाम हाईवे 09 की सर्विस लेन पर पहुंचते ही आरोपी मोहम्मद सलमान निवासी हमदर्दनगर जनपद अलीगढ़, मसूद अहमद निवासी सूतमिल चौराहा जनपद अलीगढ़, आकाश निवासी प्रीत विहार, दादरी गौतमबुद्धनगर, नीरज कुमार निवासी गांव देवला जिला गौतमबुद्धनगर और राहुल त्यागी निवासी सूतमिल चौराहा जिला अलीगढ़ ने उन्हें कार में जबरन डालकर अपहरण कर लिया। अपहरण के बाद आरोपियों ने छात्र को अलीगढ़ में राहुल त्यागी की पत्नी श्रुति उर्फ शिखा त्यागी के घर पर बंधक बनाकर रखा। वहीं से उन्होंने छात्र के परिजनों को कॉल कर 25 लाख रुपये की फिरौती मांगी।
भयभीत परिजनों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी थी, लेकिन अमरोहा पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया और गढ़ की लोकेशन का हवाला देकर कार्रवाई से किनारा कर लिया।
इसके बाद परिजनों ने हापुड़ पुलिस से संपर्क किया। हापुड़ की स्वॉट टीम और गढ़ कोतवाली पुलिस ने संयुक्त रूप से रणनीति बनाकर स्याना चौपला पर जाल बिछाया। जैसे ही आरोपी फिरौती लेने पहुंचे, पुलिस ने घेराबंदी कर सभी को गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान अपहृत छात्र को भी सुरक्षित मुक्त करा लिया गया। एसपी ने बताया कि टीम ने आरोपियों के कब्जे से दो तमंचे, दो कारतूस, दो चाकू और एक बलेनो कार बरामद की है। गिरफ्तार आरोपी अलीगढ़, बुलंदशहर और दादरी क्षेत्र के निवासी के हैं।
विश्वास में दगा, चंदे के लालच में रची साजिश
पीड़ित छात्र के ताऊ शकील ने बताया कि वह गजरौला में एक मदरसे का संचालन करते हैं। आरोपी सलमान और मसूद उनके पुराने शिष्य रहे हैं और अक्सर उनके पास आते-जाते थे। हाल ही में मदरसे के लिए 25 लाख रुपये का चंदा आया था, इसकी जानकारी आरोपियों को थी। इसी रकम के लालच में उन्होंने अपहरण की साजिश रच डाली और भरोसे को तोड़ दिया।
अमरोहा पुलिस की लापरवाही उजागर
मामले में अमरोहा पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठे हैं। पीड़ित पक्ष द्वारा सूचना देने के बावजूद पुलिस ने कार्रवाई करने के बजाय लोकेशन का हवाला देकर मामला हापुड़ क्षेत्र का बताकर टाल दिया। इसके विपरीत, गढ़ कोतवाली पुलिस ने बिना क्षेत्रीय विवाद में उलझे तत्परता दिखाते हुए पूरे मामले का खुलासा कर दिया।
छह दिन तक बनाया बंधक, आंखों पर बांधी पट्टी
अपहृत छात्र फाजिल को आरोपियों ने छह दिन तक बंधक बनाकर रखा। इस दौरान उसकी आंखों पर पट्टी बांध दी जाती थी, ताकि वह आरोपियों की पहचान न कर सके। आरोपियों ने उसी के व्हाट्सएप कॉल के जरिये परिजनों से संपर्क कर फिरौती की मांग जारी रखी। लगातार मानसिक दबाव और डर के बीच छात्र को कैद में रखा गया।