कुचेसर चौपला। बिजली की अघोषित कटौती और जर्जर तार न बदले जाने से नाराज भाकियू कार्यकर्ताओं ने बुधवार को रमपुरा बिजलीघर पर अर्द्धनग्न होकर प्रदर्शन किया। इस दौरान किसानों को समझाने आए एक्सईएन व एसडीओ को भी धरना स्थल पर बैठा लिया गया। लिखित आश्वासन मिलने के बाद शाम को किसानों ने अपना धरना समाप्त किया।
भाकियू युवा विंग के जिलाध्यक्ष ज्ञानेश्वर त्यागी के नेतृत्व में ग्राम रमपुरा में दो दिनों से किसानों का धरना चल रहा था। किसानों ने बताया कि जर्जर हाइटेंशन लाइन से किसान सेंसरपाल की 10 बीघा फसल जलकर राख हो गई, जिसका मुआवजा किसान को आज तक नहीं मिला है। रामपाल सिंह व सुरेंद्र सिंह ने जर्जर तार, दानवीर ने ट्रांसफार्मर पोल से एलटी लाइन की दूरी कम होने, कुंवरपाल सिंह ने तार ढीले होने व खेत के ऊपर से जा रही जर्जर तारों को हटवाने, सेंसरपाल ने लटके हुए जर्जर तार, जगसरण त्यागी ने एलटी लाइन में बांस लगाकर चलाने, शरणवीर ने खंभे में करंट उतरने आदि की समस्या रखी। इसके अलावा बिजलीघर से संबंधित किसानों की अन्य समस्याओं को रखा। किसानों ने चेतावनी दी कि जब तक सभी समस्याओं का निस्तारण नहीं होता है, धरना जारी रहेगा। इस बीच गढ़ अधिशासी अभियंता व उपखंड अधिकारी प्रभव मौके पर किसानों को समझाने पहुंचे। जिन्हें किसानों ने जमीन पर बैठा लिया। करीब दो घंटे बाद जाकर किसान माने और धरना समाप्त हुआ। किसानों को सुनिश्चित समय में काम कराने का आश्वासन अधिकारियों ने लिखित में दिया है। मौके पर सुशील त्यागी, अजय कुमार, यामीन, जाकिर, प्रिंस चौधरी, जाकिर, तुषार चौधरी, प्रिंस, प्रवीन, अजय सिरोही, अंकित चौहान, पवन सिरोही, रवि सिरोही, तारिफ, अजय आदि मौजूद रहे। मामले में अधीक्षण अभियंता अवनीश कुमार का कहना है कि किसानों की समस्याओं का समाधान कराया जा रहा है।