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ओवैसी के काफिले पर हमले के दोनों आरोपी 24 घंटे की रिमांड पर

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ओवैसी के काफिले पर हमले के दोनों आरोपी 24 घंटे की रिमांड पर
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हापुड़। पुलिस ने एआईएमआईएम के अध्यक्ष व सांसद असदुद्दीन ओवैसी की कार पर हमले के दोनों आरोपियों को शुक्रवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट में पेश किया। जहां पर पुलिस ने दोनों आरोपियों का 72 घंटे का पुलिस कस्टडी रिमांड की मांग की। दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद मजिस्ट्रेट ने पुलिस को 24 घंटे के रिमांड की मंजूरी दी। आरोपियों के इस रिमांड में मामले की दबी परतें काफी हद तक खुल सकती हैं। आरोपियों के न्यायालय में रहने तक पुलिस द्वारा अदालत परिसर में कड़ी सुरक्षा रखी। अधिवक्ताओं के अलावा किसी अन्य को न्यायालय परिसर में जाने नहीं दिया गया। जिसमें मीडिया को भी न्यायालय परिसर से बाहर ही रोक दिया गया।
एआईएमआईएम के अध्यक्ष व सांसद असदुद्दीन ओवैसी की कार पर तीन फरवरी को उस समय हमला किया गया था जब वह मेरठ के किठौर में चुनावी कार्यक्रम में भाग लेने के बाद दिल्ली लौट रहे थे। शाम के समय छिजारसी टोल पर उनकी कार पर चार गोलियां मारी गई।
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हमले की तह तक जाने के लिए पुलिस ने शुक्रवार को दोनों आरोपी सचिन व शुभम को सीजेएम कोर्ट में पेश कर कस्टडी रिमांड की मांग की। जहां पर दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं ने ने अपना-अपना तर्क रखा। प्रभारी सुंयक्त निदेशक अभियोजन मुकेश कुमार गोयल व सहायक अभियोजन अधिकरी चंद्र प्रकाश गौतम ने बताया कि मामले के खुलासे के लिए पुलिस की तरफ से उन्होंने न्यायालय से पुलिस कस्टडी रिमांड देने के लिये अर्जी दाखिल की। जिस पर उनके द्वारा न्यायालय के समक्ष तर्क रखे कि मामले के खुलासे के लिए रिमांड जरूरी है। क्योंकि रिमांड मिलने पर पुलिस इस मामले में प्रयोग हुए मोबाइल बरामद कर सकती है। मोबाइल के संबंध में आरोपियों से बरामदगी जरूरी है, ताकि उसके डेटा से केस के संबंध में और जानकारी जुटाई जा सके।
साथ ही आरोपियों से पूछताछ की जाएगी कि इस पूरे षड़यंत्र में किसी अन्य व्यक्ति का तो हाथ नहीं है। इसके अलावा केस में हथियार और कारतूस के बारे में भी गहनता से पूछताछ की जाएगी। जिसके लिए पुलिस द्वारा मांग जा रहा 72 घंटे का पुलिस कस्टडी रिमांड दिया जाना जरूरी है।
13 फरवरी की सुबह दस बजे से मिली रिमांड की अनुमति
दोनों पक्षों को सुनने के बाद मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट इंद्रजीत सिंह ने पुलिस को 24 घंटे के रिमांड को मंजूरी दी। यह रिमांड 13 फरवरी की सुबह दस बजे से 14 फरवरी की सुबह दस बजे तक रहेगा। इस बीच पुलिस दोनों आरोपियों को मोबाइल बरामद कराने के लिए संदिग्ध स्थानों पर ले जा सकती है। साथ ही कोर्ट ने पुलिस को आदेश किया कि रिमांड पर लेते समय व रिमांड पूरा होने पर दोनों आरोपियों की मेडिकल जांच जरूर कराई जाए।
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कचहरी परिसर को छावनी में किया तब्दील -
सचिन और शुभम की पेशी के दौरान शुक्रवार को एक बार फिर कचहरी को छावनी में तब्दील कर दिया गया। इस दौरान गेट पर भारी पुलिस बल तैनात करते हुए अधिवक्ताओं के अलावा किसी के अंदर आने जाने पर रोक लगा दी गई।
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