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हापुड़ में कस्तूरबा बालिका विद्यालय के लेखाकार ने किया डेढ़ लाख का गबन

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हापुड़ में कस्तूरबा बालिका विद्यालय के लेखाकार ने किया डेढ़ लाख का गबन
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हापुड़। मेरठ के भूनि स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय के लेखाकार ने हापुड़ के मोहल्ला देवलोक कॉलोनी निवासी एक युवक को सब्जी, फल का सप्लायर दिखा उसके नाम के फर्जी बाउचर तैयार कर विभाग से करीब डेढ़ लाख रुपये के चेक उसके खाते में लगा दिए। धोखाधड़ी कर चेक पर हस्ताक्षर करा यह पैसा बिना बताए निकाल लिया। इस गबन की जानकारी पर पीड़ित ने कोर्ट की शरण ली, मामले में लेखाकार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
हापुड़ कोतवाली क्षेत्र के देवलोक कॉलोनी निवासी अंकुर यादव ने बताया कि नगर के मोहल्ला राजीव विहार निवासी नैन सिंह व उसके पुत्र राजकुमार ने उसे अपने यहां नौकरी पर रखा। वर्ष 2018 से 19 तक उसने नौकरी की, सेलरी खाते में डालने की बात कह मेरठ में ही बैंक खाता खुलवाया। उसे झांसे में लेकर चेक बुक भी जारी करा ली और चेक के ऊपर उसके हस्ताक्षर भी करा लिए। नौकरी के बदले उसे सेलरी केश में दी जाती थी।
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पीड़ित ने बताया कि जिस कंपनी में उसे नौकरी दी गई थी, उस फर्म का खाता भी मेरठ के उसी बैंक में था। राजकुमार मेरठ के भूनि स्थित कस्तूरबा बालिका विद्यालय में प्राइवेट लेखाकार है। उसने अंकुर यादव को सब्जी, फल का सप्लायर दिखाकर, उसके नाम के बिल वाउचर तैयार कराए। यह पैसा विभाग से चेक के जरिए उसके खाते में डलवा दिया और बिना उसे बताए चेक के जरिए सारा पैसा निकाल भी लिया गया।
नौकरी छोड़ने पर पीड़ित ने अपने दस्तावेज चेक बुक, आधार कार्ड, पेन कार्ड मांगा तो पीड़ित को दस्तावेज खो जाने के संबंध में दर्ज एफआईआर की कॉपी दिखाई। इससे शक होने पर बैंक शाखा में जाकर जानकारी करने पर इस धोखाधड़ी का पता चल सका। पुलिस ने न्याय नहीं मिलने पर पीड़ित ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट के आदेश पर मेरठ के लाल कुर्ती थाने में लेखाकार राजकुमार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
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हापुड़ में भी नियुक्ति के दौरान किया था घपला
मोहल्ला राजीव विहार निवासी राजकुमार इससे पहले हापुड़ के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में था, यहां भी धोखाधड़ी के मामले में उसे रंगेहाथ पकड़ा गया था।
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