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छह दिन में 76 स्कूली वाहन सीज, 100 का चालान

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छह दिन में 76 स्कूली वाहन सीज, 100 का चालान
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हापुड़। परिवहन विभाग छह दिन के अंदर 76 स्कूली वाहनों को सीज करने की कार्रवाई कर चुका है। वहीं, पॉल्यूशन समेत अन्य दस्तावेज नहीं होने पर करीब 100 बसों का चालान किया है। साथ ही 173 बसों को काली सूची में डाल चुका है। लगातार कार्रवाई के बावजूद अभी तक सिर्फ चार वाहन स्वामी ही फिटनेस कराने पहुंचे हैं। सोमवार को धौलाना और हापुड़ में अभियान चलाकर 13 स्कूली बसों के चालान काटे गए। बच्चों को ढोने वाले ई रिक्शा पर भी शिकंजा कसा गया।
गाजियाबाद में छात्र की मौत के बाद से परिवहन विभाग सतर्क हो गया है। सड़कों पर बिना मानक फर्राटा भरने वाले वाहनों को चिन्हित कर कार्रवाई की जा रही है। सोमवार को धौलाना और हापुड़ में एआरटीओ प्रशासन अजीत श्रीवास्तव ने टीम के साथ कार्रवाई करते हुए 13 वाहनों के चालान किए। यह भी जानकारी मिली है कि एनसीआर में जिन वाहनों की वैधता खत्म हो चुकी है, दूसरे जिलों में जाकर उनकी वैधता बढ़वा ली गई है। हापुड़ की सीमा में ही ऐसे वाहनों को स्कूलों में लगाया गया है। कई नामचीन स्कूलों ने भी यह धंधा किया हुआ है।
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ई रिक्शों के काटे चालान
मेरठ रोड पर बच्चों की ढुलाई में लगे ई रिक्शों को यातायात पुलिस ने रोककर दस्तावेजों की जांच की। कागज पूरे नहीं मिलने पर 20 से अधिक के चालान किए गए। कई वाहनों को सीज कर पुलिस लाइन भेजा गया।
डग्गामार वाहनों पर कार्रवाई नहीं
परिवहन विभाग सिर्फ स्कूल की बसों को ही चिन्हित कर रहा है, जबकि विभिन्न मार्गों पर फर्राटा भर रहे डग्गामार वाहनों पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही। ऐसे में दूसरे रास्तों से होकर ऐसे वाहन यात्रियों को सफर करा रहे हैं।
जनप्रतिनिधियों से करा रहे सिफारिश
स्कूली बसों पर लगातार कार्रवाई से गलत तरीके से ट्रांसपोर्ट चलाने वालों की नींद उड़ गई है। ऐसे ट्रांसपोर्टर जनप्रतिनिधियों से सिफारिश करा रहे हैं। हालांकि शासन के आदेशों का हवाला देकर अधिकारी कार्रवाई में जुटे हैं।
इसी सप्ताह कराएंगे फिटनेस
स्कूल संचालकों का कहना है कि उन्होंने वाहन स्वामियों को फिटनेस कराने के आदेश जारी कर दिए हैं। फिटनेस के बाद ही स्कूलों में बसों का संचालन होगा। अधिकतर स्कूल संचालक इसी सप्ताह तक अपनी बसों की फिटनेस कराने की बात कह रहे हैं।
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कोट
वाहन संचालकों को वाहनों की फिटनेस कराने के लिए एक सप्ताह का समय दिया गया है। इस अवधि में फिटनेस नहीं कराए जाने पर सख्त कार्रवाई होगी। गलत तरीके से वाहनों का संचालन नहीं होने दिया जाएगा। -अजीत श्रीवास्तव, एआरटीओ प्रशासन
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