गालंद पहुंची गाजियाबाद नगर निगम की टीम, विरोध के चलते लौटी
पिलखुवा। गाजियाबाद नगर आयुक्त के नेतृत्व में सोमवार को अधिकारियों की एक टीम गालंद स्थित डंपिंग ग्राउंड पर पहुंची। लेकिन ग्रामीणों के विरोध के चलते टीम को वापस लौटना पड़ा। अधिकारियों ने ग्रामीणों से बातचीत करने का प्रयास किया तथा कहा कि बिना बाउंड्री कराए कूड़ा डंप नहीं किया जाएगा। लेकिन ग्रामीण ने कोई बात नहीं मानी।
गाजियाबाद नगर निगम द्वारा गालंद गांव में बनाये जा रहे डंपिंग ग्राउंड का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। डंपिंग ग्राउंड के विरोध में गालंद समेत कई गांवों के लोग गत तीन अक्तूबर से धरने पर बैठे हैं। सोमवार को गाजियाबाद के नगर आयुक्त प्रमोद कुमार के नेतृत्व में निगम के अधिकारियों की एक टीम धरना स्थल पर पहुंची। टीम के वहां पहुंचते ही ग्रामीणों को लगा कि वह कूड़ा डंप कराने के लिए आए है। धरने पर बैठे लोगों ने सूचना ग्रामीणों की दी। सूचना पाकर मौके पर सैकड़ों लोग एकत्र हो गए। इस दौरान अधिकारियोें ने ग्रामीणों से बात करने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि बाउंड्री कराने के बाद ही कूड़ा डंप किया जाएगा। लेकिन ग्रामीणों का विरोध बढ़ता गया। ऐसे में अधिकारी वहां से वापस लौट गए। इस मौके पर किसान मजदूर संगठन युवा मोर्चा के जिलाध्यक्ष आशु तोमर, जिला उपाध्यक्ष दीपक तोमर, ग्राम प्रधान गालंद संजय कोरी, कुसम वती, अमित तोमर, संजीव तोमर, राजीव तोमर, मनोज तोमर, मनोज बाबा, अनुराग ठाकुर, संदीप तोमर, सुरेंद्र, शिवा तोमर, बबलू तोमर, रिंकी, आकाश, कुलदीप, जितेंद्र, राजू, बलदेव समेत सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे।
एसडीएम = गाजियाबाद नगर निगम के अधिकारियों की टीम आने का कोई मामला संज्ञान में नहीं है। ग्रामीणों का धरना समाप्त कराने के लिए लगातार प्रयास किये जा रहे है। जल्द धरना समाप्त करा दिया जाएगा।