नए कनेक्शन देने की पहल में हापुड़ ने पश्चिमांचल में चौथा पायदान हासिल कर लिया है। लाइन लॉस कम करने और राजस्व वसूली बढ़ाने के लिए पावर कारपोरेशन ने यह अभियान शुरू किया गया था। पहले स्थान पर शामली, दूसरे पर खुर्जा ओर तीसरे पर मुजफ्फरनगर हैं।
इस उपलब्धि पर मुख्य अभियंता ने स्थानीय अधिकारियों को बधाई दी है। हापुड़ डिवीजन में करीब 40 हजार उपभोक्ता ही ऐसे हैं जो कनेक्शन लेकर बिजली का उपभोग करते हैं। इस डिवीजन में करीब 25 फीसदी तक लाइन लॉस रिकॉर्ड में बना हुआ है।
इस समस्या से उबरने के लिए शासन की ओर से अधिक से अधिक संख्या में बिजली के नए कनेक्शन देने के निर्देश दिए गए थे। सितंबर महीने में हापुड़ को मुख्यालय से 968 नए कनेक्शन देने का लक्ष्य मिला था।
इसके लिए अफसरों ने बिजलीघरों पर मेगा कैंप, देहात और शहर में कैंप लगाकर कनेक्शन दिए। सितंबर महीने में अफसरों ने 968 के सापेक्ष 1231 नए कनेक्शन दिए।
मुख्य अभियंता की समीक्षा रिपोर्ट में हापुड़ को पश्चिमांचल में चौथा स्थान मिला। पहले स्थान पर शामली, दूसरे स्थान पर खुर्जा ओर तीसरे स्थान पर मुजफ्फरनगर को रखा गया है। जिले के निगम अफसरों की उपलब्धि पर मुख्य अभियंता एसके गुप्ता ने उन्हें बधाई दी है।
इससे अफसरों में भी उत्साह है। इसी क्रम में सोमवार को उबारपुर बिजलीघर से जुड़े आधा दर्जन गांवों में कैंप लगाकर 510 कनेक्शन दिए गए और 1.50 लाख रुपये राजस्व वसूला गया। साथ ही 8.76 लाख की बकाएदारी वाले 75 उपभोक्ताओं के कनेक्शन भी काटे गए।
अधिशासी अभियंता पीके गौतम ने बताया कि उन्होंने लक्ष्य के सापेक्ष अधिक कनेक्शन दिए हैं। भविष्य में भी उपभोक्ताओं को नए कनेक्शन दिए जाते रहेंगे। हापुड़ को पश्चिमांचल में पहला स्थान दिलाया जाएगा।