फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डंपिंग ग्राउंड के लिए पैसा बना रोड़ा

Mon, 18 Jul 2016 10:07 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, हापुड़
विज्ञापन
जमीन खरीदने के लिए पालिका के पास नहीं है धनराशि - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
शहर में डंपिंग ग्राउंड के निर्माण के लिए पालिका के पास पैसा नहीं है। इसके चलते शहर के 36 वार्डों से निकलने वाला हर रोज करीब 100 टन कूड़ा सड़कों पर बिखड़ा रहता है। इससे उठने वाली दुर्गंध से लोगों का जीना मुहाल हो गया है।
विज्ञापन


कई शिकायतें मिलने के बाद पालिका ने शासन और जिला प्रशासन से धनराशि के लिए अनुरोध किया है ताकि डंपिंग ग्राउड के लिए 10 एकड़ भूमि खरीदी जा सके। पालिका के शहर में 15 जगहों पर ढलाव घर हैं। इन ढलाव घरों की हालत यह है कि कूड़ा सड़कों पर फैला रहता है।

इसके चलते चौड़ी सड़कें सिकुड़ती जा रही है। कई बाद तो कूडे़ के चलते भारी जाम लग जाता है। माल रोड कहलाए जाने वाली रेलवे रोड पर तो आलम यह है कि ढलाव घर के सामने से गुजरना मुश्किल है। बदबू के कारण आसपास के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन


इसी तरह, फ्रीगंज रोड पर गंगा पुरा के सामने स्कूल हैं और रेलवे पार्क है। यहां हररोज हजारों की संख्या में लोग आते हैं लेकिन बदबू ने ऐसे लोगों का सुखचैन छीन लिया है।

पालिका ने कूड़े के निस्तारण के लिए डंपिंग ग्राउंड के लिए दस एकड़ भूमि खरीद का प्रस्ताव तैयार बोर्ड बैठक में रखा था ताकि भूमि की खरीद किया जा सके। लेकिन शहर के पास भूमि काफी महंगी होने और पालिका कोष में धनराशि की कमी के कारण अब तक भूमि नहंी खरीदी जा सकी है।

रेलवे रोड, गंगापुरा, बिजली घर, मेरठ रोड पर आलोक कालोनी के बाहर, पीरबाउद्दीन, आवास विकास बुलंदशहर रोड, सिकन्दरगेट, गूली कोटला सादात, गढ़ रोड, गढ़ रोड फाटक के पास, नवीन मंडी के पास, आवास विकास कालोनी मेरठ रोड, रामलीला मैदान, मजीदपुरा में ढलाव घर हैं।

पालिका के अधिशासी अधिकारी संजय मिश्रा का कहना है कि शहर के पास भूमि काफी महंगी मिल रही है। 10 एकड़ भूमि की जरूरत है। डंपिंग ग्राउंड शहर से काफी दूर भी नहीं बनाया जा सकता। कूड़ा ले जाने में दिक्कत होने लगेगी। ऐसे में शासन से डंपिंग ग्राउंड के लिए भूमि खरीदने में मदद कीमांगी जाएगी।

जिला मुख्यालय पर आठ दिन पहले प्रमुख सचिव (प्रशासनिक सुधार एवं लोक सेवा प्रबंधन विभाग ) व जिले के नोडल अधिकारी एस.एन शुक्ल पालिका का निरीक्षण करने आए थे।

डंपिंग ग्राउंड के लिए महंगी भूमि मिलने और पालिका कोष में धनराशि की कमी की समस्या रखी गई थी। नोडल अधिकारी ने ईओ को निर्देशित किया था कि शासन से इस संबंध में पत्राचार करें।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें