धौलाना। धौलाना पुलिस पर गांव सौलाना निवासी दिव्यांग दंपती को पुलिस हिरासत में रखकर उनके मकान पर कब्जा कराने का आरोप लगा है। पीड़ित की शिकायत पर संज्ञान लेते हुए राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने डीएम व एसपी को 15 दिन में कार्रवाई कर रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिए हैं।
सौलाना निवासी रणवीर सिंह जाटव ने बताया कि उसने सात महीने पहले अपने खरीदे गए मकान को खाली कराने की गुहार लगाते हुए 22 दिसंबर को तहरीर दी थी। छह माह पूर्व उसने धौलाना के छोटा मोहल्ला में रहने वाले अपने बहनोई से मकान खरीदा था। नई व्यवस्था होने तक मानवता के नाते कुछ दिनों के लिए मकान बहन-बहनोई को दे दिया। मकान को खाली कराने की जब बात कही गई तो भांजे और बहू ने मकान खाली करने से मना कर लिया। आरोप है कि आरोपियों ने शिकायतकर्ता के बहन बहनोई को भी घर से बाहर निकाल दिया। 22 दिसंबर को जब वह अपने मकान को खाली करने के लिए थाना पहुंचे तो आरोपी पक्ष की शह पर उपनिरीक्षक ने अभद्रता की। पीड़ित को ही पुलिस ने 24 घंटा थाने मे बंधक बनाकर रखा। आरोपी पक्ष के कहने पर उसके मकान पर कब्जा करा दिया। पीड़ित ने बताया कि दरोगा ने जातिसूचक शब्दों से अपमानित करते हुए भविष्य में सुधारने की भी धमकी दी। जिसकी उन्होंने पुलिस अधीक्षक से शिकायत की। पीड़ित ने राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग में दो जनवरी को लिखित शिकायत करते हुए न्याय की गुहार लगाई। आयोग ने मामले में डीएम-एसपी को नोटिस जारी करते हुए रिपोर्ट मांगी है।
थाना प्रभारी निरीक्षक देवेंद्र सिंह बिष्ट का कहना है कि पीड़ित की शिकायत पर कार्रवाई की जा रही है। मकान को लेकर विवाद है, पीड़ित ने मकान अपने बहनोई से खरीदा है, लेकिन उसके भांजे और बहू मकान से नहीं निकल रहे हैं। मकान को खाली कराया जा रहा है।