हापुड़। श्री चंडी रोड पर स्थित 100 साल पुराने दी चेंबर ऑफ कामर्स के लिए उच्चतम बोली 39.11 करोड़ रुपये खुली है। शहर के व्यापारियों के लिए महत्वपूर्ण दी चेंबर ऑफ कामर्स के लिए नोएडा की फर्म ने यह बोली लगाई है। इससे 200 शेयर धारक जुड़े हुए हैं। अब इस बोली के प्रस्ताव को बोर्ड के सामने रखा जाएगा। जहां प्रस्ताव पास होने की पूरी उम्मीद है।
दी चेंबर ऑफ कामर्स की स्थापना वर्ष 1923 में हुई थी। यहां पर वायदा व्यापार का कार्य होता था, इसमें सोना, चांदी, गेहूं, सरसों, आलू, गुड आदि का वायदा व्यापार हुआ करता था। इसका संचालन वायदा व्यापार आयोग मुंबई के अंतर्गत होता था। बाद में सरकार ने इसे सेबी के अंतर्गत शिफ्ट कर दिया था। सेबी के नियम सख्त होने के कारण बाद में वायदा व्यापार की अनुमति रद कर दी गई। यहां के व्यापारी पूरे देश में वायदा व्यापार करते थे। कुछ वर्ष पूर्व सेबी के नियमों के तहत इसका नाम बदलकर हापुड़ कमोडिटी लिमिटेड कंपनी का गठन कर दिया गया। शहर के प्रतिष्ठित व्यक्तियों के लिए यहां होने वाला चुनाव बड़ा महत्वपूर्ण हुआ करता था। अब बुधवार की रात को दी चेंबर ऑफ कामर्स के सभागार में निविदा खोली गईं। इस दौरान सात निविदाएं आई, इसमें उच्चतम बोली नोएडा की एक फर्म की रही। इस पर कमेटी ने संस्तुति प्रदान कर प्रस्ताव को बोर्ड के लिए भेज दिया है।
इस दौरान चेयरमैन ललित अग्रवाल, एमडी सुरेश जिंदल, दिनेश मित्तल, सुरेश संपादक, कपिल एसएम, सचिन अग्रवाल, विनीत, मनीष नीटू, सुभाष, राजीव जिंदल आदि मौजूद रहे।