हापुड़। सरकारी कार्यालयों में बाहरी व्यक्तियों के काम करने की शिकायत पर शुक्रवार को एडीएम संदीप कुमार ने एआरटीओ कार्यालय और तहसील परिसर का औचक निरीक्षण किया। एडीएम काे देख एआरटीओ कार्यालय के बाहर दुकानों के शटर गिर गए। हालांकि, निरीक्षण में कोई बाहरी व्यक्ति नहीं मिला। जिसके बाद दोनों कार्यालयों के अधिकारियों ने राहत की सांस ली।
शासन के आदेश हैं कि किसी भी सरकारी कार्यालय में कोई बाहरी व्यक्ति काम नहीं कर सकता है, लेकिन एआरटीओ कार्यालय और तहसील परिसर में लगातार बाहरी व्यक्तियों के काम करने की सूचनाएं मिल रही थीं। शिकायतों के बाद शुक्रवार को एडीएम संदीप कुमार सबसे पहले सुबह करीब 11 बजे मेरठ रोड स्थित एआरटीओ कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने ड्राइविंग लाइसेंस और अन्य कार्यों के लिए आए लोगों से पूछताछ की। साथ ही कार्यालय के अंदर जाकर भी देखा। वह प्रत्येक लिपिक की कुर्सी पर भी गए और जांच की। इसके अलावा कर्मचारियों के आई कार्ड भी देखे, लेकिन कोई बाहरी व्यक्ति कार्यालय में काम करता हुआ नहीं मिला। हालांकि, कार्यालयों के बाहर दुकानों के शटर एक बार फिर बंद हो गए।
करीब 30 मिनट के निरीक्षण के बाद वह तहसील में पहुंचे। जहां उन्होंने तहसीलदार, नायब तहसीलदार, कानूनगो, लेखपाल और खसरा-खतौनी वाले कार्यालय का निरीक्षण किया। यहां भी कर्मचारियों के आई कार्ड और कार्यालय में आए किसानों व अन्य लोगों से पूछताछ की। लोगों से उनके कार्यों के लिए कोई सुविधा शुल्क तो नहीं ले रहा है, इसकी भी जानकारी ली। लेकिन, मौके पर कोई शिकायत और बाहरी व्यक्ति कार्य करता हुआ नहीं मिला।
मामले में एडीएम संदीप कुमार का कहना है कि शासन के निर्देश पर औचक निरीक्षण किया गया था। मौके पर कोई बाहरी व्यक्ति कार्य करता हुआ नहीं मिला है।
डीएम ने भी किया था निरीक्षण
पिछले दिनों डीएम ने भी परिवहन विभाग के कार्यालय का औचक निरीक्षण किया था। उस समय भी डीएम की गाड़ी को देखकर कार्यालय के बाहर खुली दुकानों के शटर गिर गए थे।