सरीला/राठ। प्रशासन की लापरवाही और अव्यवस्था की चोट से आहत जिगनी गांव के मतदाताओं ने विधानसभा चुनाव में मतदान नहीं किया। मतदान बहिष्कार की जानकारी पर एडीएम नमामि गंगे राजेश कुमार यादव ने गांव पहुंचे और मतदाताओं को समझाया लेकिन वह वोट डालने के लिए राजी नहीं हुए। जिटकरी के मतदाताओं ने भी सुबह मतदान का बहिष्कार कर दिया था, दो घंटे बाद समझाकर एसडीएम ने ग्रामीणों को मतदान के लिए तैयार कर लिया।
राठ विधानसभा क्षेत्र के जिगनी और जिटकरी गांव की सड़कों खराब पड़ी हैं।
लगभग दो माह पहले जिटकरी के लोगों ने सड़क नहीं तो वोट नहीं लिखा बैनर झबरा मोड़ पर लगा दिया था। इस पर प्रशासन ने ध्यान नहीं दिया। रविवार को दोनों गांव के लोग सुबह वोट डालने नहीं पहुंचे। इससे अधिकारियों में खलबली मच गई। एसडीएम खालिद अंजुम गांव पहुंचे और समझाकर पहले प्रधान व चौकीदार के वोट डालवाए। दो घंटे बाद अन्य ग्रामीण भी मतदान करने पहुंच गए। इस गांव में 1633 मतदाता हैं। वोटिंग के लिए दो बूथ बना गए थे। एसडीएम सरीला खालिद अंजुम ने बताया कि जिटकरी में कुछ देर बाद शुरू हो गया। एसडीएम राजेश कुमार मिश्रा ने बताया कि जिगनी में1700 मतदाता हैं। इस गांव में एक भी वोट नहीं डाला गया।