- किशोरी का अपहरण कर किया गलत काम, अदालत ने 16 हजार का लगाया अर्थदंड
संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। दुकान पर बैठी किशोरी को जबरन बाइक पर बैठाकर ले जाने व उसके साथ दुष्कर्म करने के आठ साल पुराने मामले में कोर्ट ने फैसला सुनाया। विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट अनिल कुमार खरवार की अदालत ने दोषी शिवेंद्र सिंह को 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 16 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
कुरारा थानाक्षेत्र के एक गांव निवासी पीड़ित मां ने पुलिस को दिए शिकायती पत्र में बताया था कि 22 अप्रैल 2018 को दोपहर करीब साढ़े तीन बजे उसके मोबाइल पर फोन आया, जिसे उसकी बेटी (15) ने उठाया था। तभी उसने अपने मकान के बाहर देखा कि गांव का शिवेंद्र सिंह, ब्रिजेंद्र सिंह दोनों बाहर खड़े थे। उक्त लोगों ने उसकी बेटी को धार्मिक स्थल जाने को कहा तो उसने अपनी बेटी को रोका और घरेलू काम में व्यस्त हो गया। इसी दौरान से उसकी बेटी लापता है।
वहीं पीड़िता ने अपने बयान में बताया कि वह 22 अप्रैल को शाम चार बजे दुकान पर बैठी थी। तभी शिवेंद्र बाइक से आया और उसे जबरन बाइक पर बैठाकर कदौरा की ओर ले गया और वहां से लौटते समय उसने ककरुआ के घर में उसके साथ दुष्कर्म किया। दोनों एक धार्मिक स्थल के पास छोड़कर चले गए। पास के एक बाबा उसे दूसरे दिन घर लेकर आए थे। पुलिस ने पीड़िता के बयानों के आधार पर मुख्य आरोपी शिवेंद्र के खिलाफ अपहरण सहित दुष्कर्म का मामला दर्जकर आरोप पत्र कोर्ट में पेश किया था। शुक्रवार को अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है।