2016-17 के लिए जिले के 16 गांवों को डा. राममनोहर लोहिया समग्र ग्राम घोषित किया गया है। इससे इन गांवों के लोगों में विकास की उम्मीद बंधी है।
सपा शासनकाल में लोहिया समग्र ग्रामों में विकास कार्य कराए जा रहे हैं। इसके साथ जिले में ऐसे गांवों की संख्या 90 पहुंच गई है। वर्ष 2016-17 के लिए विकासखंड कुरारा के दो गांवों चंदूपुर और भौली को लोहिया समग्र ग्राम घोषित किया गया है।
चंदूपुर की आबादी 1601 है, जिसमें अनुसूचित जाति का आंकड़ा शून्य है। वहीं भौली की 2547 आबादी में 260 लोग अनुसूचित जाति के हैं। सरीला ब्लाक से सर्वाधिक आठ गांवों में बंगरा, ममना, कुपरा, भेड़ी, पुरैनी, परछा, मगरौल, हरसुंडी को समग्र ग्राम घोषित किया गया है। बंगरा में 1858 में 380 दलित हैं। ममना में 4383 में 1757 अनुसूचित जाति, कुपरा में 2416 में 516 अनुसूचित, भेड़ी में 5336 में 1207 अनुसूचित, पुरैनी में 4775 में 922, परछा में 2027 में 631, मगरौल में 1270 में 323 व हरसुंडी में कुल आबादी 2108 में 410 अनुसूचित वर्ग के लोग हैं। सुमेरपुर ब्लाक में छानीखुर्द, मुस्करा ब्लाक में इमिलिया, गोहांड में जखेड़ी गांव को समग्र गांव घोषित किया गया है।
वहीं मौदहा विकासखंड के तीन गांवों बक्छा, सिसोलर व करहिया को लोहिया गांव का दर्जा दिया गया। इन लोहिया गांवों की आबादी 50, 911 है। जिसके विकास का खाका विकास और राजस्व विभाग ने तैयार करना शुरू कर दिया है।