छात्र की पिटाई के विरोध में कुलपति से बातचीत करते छात्र नेता व अन्य।
- फोटो : Shivharsh Dwivedi
गोरखपुर यूनिवर्सिटी के कॉमर्स के छात्र प्रतिनिधि की अराजक तत्वों ने बुधवार को फेकेल्टी में घुसकर जमकर पिटाई कर दी। गंभीर रूप से घायल छात्र को लेकर उसके साथी प्राथमिक इलाज के बाद कुलपति कार्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने न केवल यूनिवर्सिटी में विद्यार्थियों की सुरक्षा पर सवाल उठाए बल्कि हमलावरों को जल्द गिरफ्तार कराने की मांग भी की। देर शाम घायल प्रतिनिधि की ओर से कैंट थाने में तहरीर दे गई।
कॉमर्स फेकेल्टी प्रतिनिधि और एमबीए छात्र आकाश श्रीवास्तव बुधवार दोपहर करीब 11:30 बजे क्लास में पढ़ रहे थे। क्लास खत्म होने पर एक व्यक्ति उन्हें बुलाने आया। जैसे ही आकाश बाहर आए, दो बाइक पर आए छह लोग उन पर टूट पड़े और पिटाई कर भाग निकले। कुछ लोगों ने बताया कि उन अराजक तत्वों के साथ तीन और लोग भी थे, जो कुछ दूरी पर एक बाइक पर सवार थे। जानकारी मिलते ही आकाश के साथी मौके पर पहुंचे और उसे लेकर तत्काल यूनिवर्सिटी के स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे और उनका प्राथमिक उपचार कराया। इसके बाद हमले से आक्रोशित छात्र कुलपति कार्यालय पहुंच गए और कुलपति प्रो. अशोक कुमार से सुरक्षा को लेकर तमाम सवाल करने लगे।
कुलपति ने पहले घायल छात्र को इलाज के लिए भेजा और फिर उसके साथियों से बात की। वहां मौजूद प्रो. सतीश चंद्र पांडेय और चौकी इंचार्ज सुनील सिंह ने छात्रों के समझाने की कोशिश की लेकिन वे सुरक्षा और हमलावरों की गिरफ्तारी पर कोई पुख्ता जवाब चाहते थे। आधा घंटे के सवाल-जवाब के साथ छात्र कुलपति की ओर से मिले इस आश्वासन के साथ लौटे कि जल्द कॉमर्स फेकेल्टी में एक सीसीटीवी कैमरा लगा दिया जाएगा और वहां कड़ी सुरक्षा का इंतजाम भी किया जाएगा। उधर आकाश ने घटना के पीछे किसी विवाद या दुश्मनी होने से इन्कार किया है।
सीसीटीवी कैमरे, गार्ड और फेकेल्टी ट्रांसफर पर उखड़े छात्र
संकाय प्रतिनिधि पर हमले से बिफरे कॉमर्स के छात्रों ने कुलपति के सामने सुरक्षा को लेकर सामने तमाम तरह के सवाल उठाए। पहली शिकायत सीसीटीवी कैमरे को लेकर थी और दूसरी फेकेल्टी में सुरक्षा गार्ड की गैर मौजूदगी। इस बीच छात्रनेता पवन कुमार पांडेय ने कुलपति को फेकेल्टी को परिसर में स्थानांतरित करने की भी याद दिलाई। चीफ प्रॉक्टर प्रो. एससी पांडेय ने भी मौका देखकर छात्रनेताओं को आड़े हाथ लिया और बाहरी तत्वों को परिसर में लाने के लिए उन्हें जिम्मेदार ठहराया। प्रॉक्टर के आरोप पर छात्र बंट गए। कुछ ने उनके आरोप पर आपत्ति जताई तो कुछ सहमत नजर आए। छात्रों की बात गंभीरता से सुनने के बाद कुलपति ने कहा कि 24 घंटे में फेकेल्टी गेट पर सीसीटीवी कैमरा लगा दिया जाएगा। गार्ड की मौजूदगी को लेकर उन्होंने प्रॉक्टर को ताकीद किया। फेकेल्टी को परिसर में ट्रांसफर करने पर भी जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया।