चिलुआताल (गोरखपुर)। चिलुआताल थाना परिसर के सरकारी आवास में सिपाही यशवंत सिंह (50) का शव मिला। वह देवरिया के बरहज थाने में तैनात थे। पुलिस के मुताबिक तबीयत खराब होने के बाद सिपाही की मौत हुई है। यशवंत 15 साल से थाना परिसर के इस आवास में रह रहे थे। शनिवार को वीआईपी ड्यूटी में शहर में आए थे और तबीयत खराब होने पर रात यहीं रुक गए थे।
गाजीपुर जिले के रहने वाले यशवंत अपने करीबी मुख्तार के साथ शनिवार की रात खाना खाए थे। मुख्तार ने बताया कि यशवंत की तबीयत खराब थी। शनिवार को ट्रैफिक कार्यालय के पास उनकी वीआईपी ड्यूटी लगी थी। ड्यूटी से वह थाना परिसर स्थित अपने आवास पर आ गए। रात में करीब नौ बजे उन्होंने फोन कर तबीयत खराब होने की जानकारी दी और खाना लेकर बुलाया। खाना खाने के बाद फेफड़े में कफ जमा होने की बात कहते हुए गर्म पानी मंगाकर पीया। मुख्तार को सुबह आने के लिए कहकर वह सो गए।
रविवार की सुबह काफी देर तक दरवाजा खटखटाने पर भी अंदर से कोई आवाज नहीं आई तो मुख्तार ने बगल की बैरिक में रहने वाले गोलू को सूचना दी। मकान के पीछे आंगन की बाउंड्री फांदकर गोलू अंदर गए और मुख्य गेट खोला। तब तब काफी लोग जुट गए थे। लोग अंदर गए तो यशवंत मृत पड़े थे। लोगों ने इसकी सूचना चिलुआताल थाने पर दी। उसके बाद थानेदार मौके पर पहुंचे और एसपी नॉर्थ, सीओ कैंपियरगंज को सूचना दी। फोरेंसिक टीम भी जांच करने पहुंची। मौत की वजह जानने के लिए पुलिस को पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है।