कुशीनगर के कसया थाना क्षेत्र के सिरसिया खोहिया गांव के बड़े टोले में बृहस्पतिवार की सुबह युवक-युवती का शव एक झोपड़ी में मिलने से सनसनी फैल गई। युवक और युवती का शव झोपड़ी में फंदे से लटक रहा था। जैसे ही यह बात गांव में फैली, वहां भीड़ जुट गई। युवती इस गांव में अपनी बुआ के घर आई थी। गांव के लोग इन्हें प्रेमी युगल बता रहे थे। पुलिस भी प्रथम दृष्टया जांच में इसे आत्महत्या मान रही है और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
सिरसिया खोहिया गांव के बड़े टोले के निवासी रामू यादव का 22 वर्षीय पुत्र मानवेंद्र यादव बाहर रहकर प्राइवेट नौकरी करता था। इसी थाना क्षेत्र के सेमरा धूसी गांव के निवासी जयप्रकाश यादव की 19 वर्षीय पुत्री गुड्डी सिरसिया खोहिया बड़ा टोला के ही निवासी अपने फूफा रवींद्र यादव के घर पिछले एक साल से रह रही थी। मानवेंद्र चार दिन पूर्व ही बाहर से अपने घर आया था। पशुओं को बांधने वाली झोपड़ी (घारी) में बृहस्पतिवार को सुबह मानवेंद्र और गुड्डी का शव मिलने के बाद गांव में सनसनी फैल गई। यह झोपड़ी मानवेंद्र की ही है। कुछ ही देर में वहां भीड़ लग गई।
लोगों में चर्चा थी कि युवक और युवती आपस में प्रेम करते थे। घरवालों को इनका प्रेम संबंध मंजूर नहीं था, जिससे वे इनसे नाराज चल रहे थे। लोग आशंका जता रहे थे कि घरवालों का विरोध करने पर युवक-युवती ने यह आत्मघाती कदम उठाया होगा। मृतक युवक के घरवालों ने इस बारे में कुछ भी बोलने से जहां मना कर दिया, वहीं युवती के घरवालों का कहना था कि युवक और युवती में प्रेम संबंध चल रहा था, जिसका विरोध होने पर दोनों ने यह कदम उठाया होगा।
कसया थाने के एसओ अतुल कुमार पांडेय ने बताया कि युवती के घरवालों ने दोनों के आत्महत्या करने की आशंका जताई। फिर भी इनकी मौत की असल वजह जानने के लिए शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। लोगों से सुना गया है कि युवक और युवती चोरी चुपके कभी कभार मिला करते थे, लेकिन अभी इनमें प्रेम संबंध होने की बात साफ तौर पर नहीं कही जा सकती। उन्होंने कहा कि मौत की वजह पोस्टमार्टम के बाद पता चलेगी। घटना के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। सीओ ओमपाल सिंह ने भी दोनों के आत्महत्या किए जाने की आशंका जाहिर की।