प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने पार्टी नेता दयाशंकर की बेटी और उनकी मां पर बसपा नेताओं की अभद्र टिप्पणी के विरोध में शनिवार को डीएम दफ्तर पर धरना दिया और राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन दिया। प्रदर्शनकारियों ने मायावती सहित अन्य बसपा नेताओं की गिरफ्तारी की मांग की।
‘बेटी के सम्मान में भाजपा मैदान में’ नारे के साथ डीएम कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन के दौरान भाजपा नेताओं ने कहा कि बसपा नेताओं ने लखनऊ में धरने के दौरान मर्यादा की सभी हदें पार कर दी। मायावती में जरा भी नैतिकता हो तो वह मामले में दोषी अपने नेताओं को पार्टी से निकालें। प्रदर्शन में उपेंद्र दत्त शुक्ला, जर्नादन तिवारी, धर्मेंद्र सिंह, रमेश प्रताप गुप्त, रामभुआल निषाद, शशिकांत सिंह, दयानंद शर्मा, राजेश गुप्ता, निरंकार त्रिपाठी, वीरेंद्र पांडेय, जितेंद्र सैनी, रणजीत राय बड़े, राधेश्याम रावत, आदित्य गुप्ता, सत्यम साहनी आदि थे।
बसपा नेताओं के बयान की निंदा
महानगर भाजपा के कार्यकर्ताओं ने शनिवार को बैठक कर बसपा नेताओं की दयाशंकर सिंह के घरवालों पर की गई अभद्र टिप्पणी की निंदा की। अध्यक्षता नरेंद्र कुमार द्विवेदी ने की। बैठक में गोरख तिवारी, राजीव सोनकर, विपुल द्विवेदी, पंचम प्रसाद, भूपेंद्र त्रिपाठी, राज्यवर्धन गुप्ता, छेदी प्रसाद आदि लोग थे।
दयाशंकर सिंह के खिलाफ उग्र प्रदर्शन
बसपा प्रमुख मायावती को अपशब्द कहने वाले बर्खास्त भाजपा नेता दयाशंकर के खिलाफ शनिवार को अंबेडकरवादी छात्रसभा का गुस्सा फूट पड़ा। प्रदेश अध्यक्ष अमर सिंह पासवान के नेतृत्व में कचहरी पुलिस चौकी पर छात्रसभा के कार्यकर्ताओं ने जमकर प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने अंबेडकर चौक के पास लगे भाजपा के झंडे और बैनर को फाड़कर फेंक दिए और दयाशंकर का पुतला जलाकर विरोध दर्ज कराया।
छात्रनेता अमर सिंह पासवान के नेतृत्व में जुटे अंबेडकरवादी छात्रसभा के कार्यकर्ताओं ने दयाशंकर सिंह के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। अमर सिंह पासवान ने कहा कि बहन मायावती देश के बहुजनों की आन-बान-शान हैं और इससे पहले वह एक महिला हैं। मायावती के खिलाफ अभद्र टिप्पणी से सिर्फ दलितों की ही नहीं बल्कि जनमानस की भावनाएं आहत हुई हैं। उन्होंने कार्यकर्ताओं को संकल्प दिलाया कि वे दयाशंकर की गिरफ्तारी के बाद ही चैन की सांस लेंगे। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर शीघ्र दयाशंकर सिंह की गिरफ्तारी नहीं हुई तो अंबेडकरवादी छात्रसभा का आंदोलन और उग्र रूप ले लेगा। प्रदर्शन करने वालों में प्रदीप पासवान, संजय गौड़, भीम पासवान, लालजी भाई, संजय भारती, विपिन कुमार, सागर पासवान, कमलेश पासवान, अमन यादव, रवि कुमार, अरविंद कुमार, विवेक, गुलाब यादव आदि मौजूद रहे।
मायावती का पुतला फूंक विरोध जताया
पूर्व भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष दयाशंकर की बेटी पर बसपा नेताओं की अभद्र टिप्पणियों के विरोध में जन जागृति मंच ने बसपा सुप्रीमो मायावती का पुतला फूंका। मंच के संयोजक गौरव राय ने कहा कि मायावती राजनीति का स्तर गिराने का काम कर रही हैं। जिस तरह से बसपाइयों ने दयाशंकर सिंह की बेटी और मां पर व्यक्तिगत टिप्पणी की, वह अक्षम्य है। उन्होंने मांग की कि जिन कार्यकर्ताओं ने अभद्र नारे लगाए हैं उन्हें मायावती पार्टी से निष्कासित करें। इस दौरान वैभव पांडेय, प्रवीण सिंह, रवि प्रकाश सिंह, आनंद राय, आनंद मिश्रा, मानवेंद्र मिश्रा, राजेश मिश्रा, सुनील शुक्ला, राम कुमार यादव, रमाशंकर निषाद, सुधांशु श्रीवास्तव, प्रशांत लाला, आदित्य सिंह आदि उपस्थित थे।
मायावती के खिलाफ हो कार्रवाई : रतनपाल
गोरखपुर यूनिवर्सिटी के पूर्व अध्यक्ष व भाजपा नेता डॉ. रतनपाल सिंह ने दयाशंकर की मां और पत्नी की ओर से दर्ज कराए गए मुकदमे पर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि नसीमुद्दीन सिद्दीकी जैसे नेताओं की अगुवाई में लखनऊ में हुए प्रदर्शन के दौरान जिस तरह बसपाइयों ने अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया, वह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। डॉ. सिंह ने कहा कि प्रदर्शन के दौरान और सदन में मायावती ने जिस तरह की भाषा का प्रयोग किया, उससे साबित होता है कि वह देश की मां, बहन और बेटियों के सम्मान के खिलाफ हैं।