गोंडा। कोरोना का कहर बढ़ता जा रहा है। सोमवार को खाद्य रसद विभाग के मार्केटिंग इंस्पेक्टर, शहर के वरिष्ठ चिकित्सक व प्रधान समेत 12 लोगों की इलाज के दौरान मौत हो गई है। वहीं 153 लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है। जिले में कोराना संक्रमण का दायरा बढ़ता जा रहा हैै। एक तरफ जहां कोरोना मरीजों की संख्या में बढ़ोत्तरी हो रही है। वहीं कोरोना संक्रमितों की मौत का सिलसिला भी बढ़ रहा है।
कोरोना कर्फ्यू लागू होने के बावजूद भी मरीजों की संख्या में इजाफा चिंता का विषय है। सोमवार को हलधरमऊ के गेहूं क्रय केंद्र के प्रभारी खाद्यान विपरण के मार्केटिंग इंस्पेक्टर भूपेंद्र वर्मा की कोरोना से मौत हो गई ।
भूपेंद्र संक्रमित होने के बाद लखनऊ के एक निजी अस्पताल में भर्ती थे। शहर के प्रतिष्ठित डॉ. सुधीर श्रीवास्तव की कोरोना से मौत हो गई। वहीं ग्राम पंचायत मेई दूबे के पूर्व प्रधान चंद्रभान दूबे का फेफड़े में इंफेक्शन के कारण मौत हो गई। जो जिला अस्पताल में भर्ती थे।
इस तरह कोरोना से मौत के मामलों लगातार बढ़ रहा है और लोग इससे सहमे हुए हैं। सोमवार को शहर की तुलना में ग्रामीण क्षेत्रों में कोराना संक्रमितों की संख्या ज्यादा बढ़ी है। सीएमओ डॉ. आरएस केसरी बताया कि जिन क्षेत्रों में सोमवार को कोरोना संक्रमण के नए मामले सामने आए, उन क्षेत्रों में स्वास्थ्य कर्मियों ने पहुंचकर कंटेनमेंट जोन घोषित करते हुए संबंधित क्षेत्र को सैनिटाइज किए जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी।