नवाबगंज। सऊदी अरब में कमाने गए युवक की मौत के करीब एक माह बाद शुक्रवार को जब शव गांव पहुंचा तो परिजनों में कोहराम मच गया। रोते-बिलखते परिजनों को सांत्वना देने के लिए गांव के लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी।
नवाबगंज गिर्द के मजहन पुरवा निवासी कुलदीप निषाद (22) जुलाई 2024 में रोजी-रोटी की तलाश में सऊदी अरब के रियाद गए थे। वहां वलैया शहर में वह एक शेख के यहां चालक की नौकरी करते थे। कुलदीप के रिश्तेदार संदीप भी सऊदी अरब में काम करते हैं। परिजनों के अनुसार, छह अक्तूबर के बाद से कुलदीप से कोई बातचीत नहीं हो सकी थी। पिता भरथे निषाद ने अपने भांजे संदीप से जानकारी करने को कहा। संदीप ने 14 अक्तूबर को कुलदीप के शेख से बात की। तब पता चला कि कुलदीप ने छह अक्तूबर को अपने कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी।
यह खबर मिलते ही परिवार के लोग बिलख पड़े। परिजन शव भारत लाने के लिए विदेश राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह से मिले और मदद की गुहार लगाई। राज्यमंत्री के हस्तक्षेप के बाद भारतीय दूतावास ने कार्रवाई तेज की। परिजनों द्वारा आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध कराने के बाद दूतावास ने शव को अपने कब्जे में लेकर भारत भेजा। लखनऊ पहुंचने के बाद शुक्रवार को परिजन शव लेकर गांव पहुंचे। मां गीता देवी समेत पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। कुलदीप दो भाइयों में छोटे थे।