गोंडा। गन्ना मूल्य का बकाया भुगतान न मिलने से परेशान किसान कुंदरखी चीनी मिल के सामने डेरा जमाए हुए हैं। किसानों के धरना प्रदर्शन के कारण बीते 21 घंटे से मिल का संचालन ठप पड़ा है। आक्रोशित किसान ट्रालियों पर गन्ना लादकर बजाज चीनी मिल कुंदरखी चौराहा पर अवध केसरी सेना के बैनर तले बकाया भुगतान की मांग को लेकर बीते रविवार से धरना प्रदर्शन कर रहे हैं।
आरोप है कि चीनी मिल संचालकों के अड़ियल रुख के कारण हजारों गन्ना किसानों का पिछले पेराई सत्र का ही 158 करोड़ का भुगतान बकाया है। लगातार शिकायत के भी प्रशासन इस पूरे मामले में उदासीनता बरते हुए है। नाराज किसानों को मनाने के लिए एडीएम, एसडीएम सदर तथा मिल के अधिकारी कई बार वार्ता कर चुके पर पर किसान बकाया भुगतान की मांग को लेकर अड़े हैं।
अवध केसरी सेना के नेता नील ठाकुर, मानवेंद्र सिंह मोनू, अरुणेश यादव का कहना है कि चीनी मिल संचालक किसानों का उत्पीड़न कर रहे हैं, जिसे कदापि बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अध्यक्ष नीरज सिंह ने कहा कि नया पेेराई सत्र शुरू हो चुका है, लेकिन बजाज चीनी मिल कुंदरखी किसानों के पुराने बकाए का 158 करोड़ दबाए बैठी है। प्रदर्शनकारी किसानों ने मांग की कि पिछले पेराई सत्र की बकाया राशि का भुगतान व्याज सहित कराने के साथ ही वर्तमान सत्र की खरीद में भी तेजी लायी जाए। किसानों को समय पर पर्ची न मिलने से पेड़ी गन्ना की कटान न हो पाने से गेहूं की बुआई भी बाधित हो रही है।
चीनी मिल चौराहे पर धरना प्रदर्शन होने से दर्जीकुआं तिराहा से कहौबा चौराहे तक गन्ना लदी ट्रालियों व ट्रकों की लंबी लाइन लग जाने से आम लोगों को भी आवागमन में कठिनाई उठानी पड़ रही है।
दूसरी तरफ बजाज चीनी मिल के महाप्रबंधक गन्ना योगेन्द्र सिंह ने बताया कि रविवार रात आठ बजे से मिल का संचालन यार्ड में गन्ना ना होने कारण बंद कर दिया गया है। किसानों का गत वर्ष का भुगतान आगामी 15 जनवरी तक कराने का आश्वासन दिया जा चुका है।