गोंडा। कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों पर नियंत्रण की तैयारियों की नोडल अधिकारी सचिव बेसिक शिक्षा अनामिका सिंह ने समीक्षा की। उन्होंने कलेक्ट्रेट के कोविड कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया। अधिकारियों से रोकथाम के लिए की जा रही तैयारियों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि अफसर गंभीरता से अंकुश लगाने के लिए प्रयास करें। आम लोगों को जागरूक करें और हर स्तर पर एहतियात बरते जाएं। कोविड प्रोटोकॉल का पालन सख्ती से कराएं।
नोडल अधिकारी ने जिले में शासन द्वारा कोविड-19 से संबंधित दिशा निर्देशों का जनपद स्तर पर शत प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। नोडल अधिकारी ने निगरानी समितियों के माध्यम से 18 वर्ष की अधिक आयु के व्यक्ति जो कोविड टीकाकरण की प्रथम तथा द्वितीय डोज से अब तक वंचित हैं उनका सर्वे कराते हुए चिन्हित कर टीकाकरण कराने के निर्देश दिए। इस पर मुख्य विकास अधिकारी द्वारा बताया गया कि 15 से 18 वर्ष आयु वर्ग के टीकाकरण में जनपद गोंडा प्रदेश में अव्वल स्थान पर है। उन्होंने निर्देश दिया कि लक्षण युक्त मरीजों को निगरानी समिति के माध्यम से मेडिसिन किट का वितरण किया जाए तथा सफाई कर्मचारियों के माध्यम से गांव में सैनिटाइजेशन का कार्य निरंतर किया जाएं। जिससे कोविड-19 की महामारी से बचा जा सके।
नोडल अधिकारी ने प्रभारी मुख्य चिकित्साधिकारी से स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित हॉस्पिटल में उपलब्ध बेड, जनपद में कोविड संक्रमण की स्थिति, जीवन रक्षक दवा रेमडेसिवीर इंजेक्शन, कोविड अस्पतालों में ऑक्सीजन की उपलब्धता से संबंधित जानकारी ली। उन्होंने सीडीओ से होम आइसोलेशन में भर्ती मरीजों के बारे जानकारी ली। निर्देश दिए कि मरीजों को अस्पताल में भर्ती होने की आवश्यकता होने पर उन्हें तुरंत सहायता उपलब्ध कराई जाए। सामाजिक, धार्मिक, शादी समारोह, शोक सभाओं आदि में शासन द्वारा निर्धारित गाइड लाइन का पालन कराने एवं सार्वजनिक स्थानों, गलियों, सार्वजनिक पेयजल स्रोतों तथा क्वारंटाइन किए गए घरों के आसपास साफ-सफाई कराने एवं ब्लीचिंग पाउडर, सोडियम हाईपोक्लोराइड का छिड़काव कराने के निर्देश दिए।
कहा कि निगरानी समिति प्रतिदिन गांव व वार्ड में घर-घर जाकर सर्वे करें, सर्वे के उपरांत पाये गए संदिग्ध, लक्षणयुक्त मरीजों को मेडिकल किट उपलब्ध कराने और आरआर टीम को संदिग्ध, लक्षणयुक्त मरीजों का 24 घंटे में एंटीजन, आरटीपीसीआर टेस्ट कराये जाने के भी निर्देश दिए। रैन बसेरों की समीक्षा की गई तथा निर्देश दिए कि रैन बसेरों में मानक अनुरूप प्रबंध सुनिश्चित कराए जाएं तथा आवश्यक स्थलों पर अलाव के भी प्रबंध किए जाएं। एडीएम द्वारा रैन बसेरों आदि के बारे में नोडल अधिकारी को जानकारी दी गई। इसके बाद उन्होंने बेलसर के बदलेपुर गोशाला का निरीक्षण किया। सीडीओ शशांक त्रिपाठी साथ रहे।