माधोपुर। एक दशक पूर्व निष्प्रयोज्य घोषित किए जा चुके स्वास्थ्य विभाग के भवन में कटरा बाजार का सीडीपीओ कार्यालय और गोदाम संचालित हो रहा है। ब्लॉक परिसर में निर्माणाधीन कार्यालय भवन तीन वर्ष बाद भी पूरा नहीं हो सका है। भवन निर्माण की जिम्मेदारी यूपी प्रोजेक्ट कॉर्पोरेशन के पास है, लेकिन कार्य अपेक्षित गति से नहीं हो पा रहा है।
वर्षों पूर्व निष्प्रयोज्य घोषित किए गए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के भवन में संचालित कार्यालय को लेकर कर्मचारी हमेशा दहशत में रहते हैं। उनका मानना है कि यह भवन कभी भी किसी बड़े हादसे का कारण बन सकता है।
सीडीपीओ नंदिनी घोष ने बताया कि करीब 10 साल पहले जनपद स्तर से इस जर्जर भवन को कार्यालय के रूप में आवंटित किया गया था। इससे पहले ही यह निष्प्रयोज्य घोषित किया जा चुका था। तभी से यहीं कार्यालय और गोदाम संचालित हो रहा है। इतने वर्षों में इसकी दशा और भी खराब हो गई है।
जिला कार्यक्रम अधिकारी संजय कुमार ने बताया कि भवन की कुल लागत लगभग 29 लाख रुपये है। इसकी तीसरी किस्त भी कार्यदायी संस्था को जारी की जा चुकी है। इसके बावजूद निर्माण कार्य पूर्ण नहीं हो सका है।