इससे पहले महिला आरक्षी भी छुट्टी पर आई थी। छुट्टी खत्म होने पर महिला आरक्षी को शनिवार भोर में पिता बाइक से छोड़ने औड़िहार स्टेशन गए थे। लौटते वक्त रामकरन पुल पर बोलेरो वाहन से पहुंचे दीपक ने छह साथियों के साथ महिला आरक्षी के पिता को अगवा कर लिया। शनिवार देर रात गाजीपुर पुलिस ने महिला आरक्षी के पिता को मुक्त करा लिया।
शनिवार दोपहर 12 बजे सिपाही दीपक ने किसान के बेटे (मध्य प्रदेश पुलिस में तैनात) को फोन कर धमकी दी कि पिता को अगवा कर लिया गया है। दो दिन के अंदर 25 लाख रुपये दे दो। इसके बाद पुत्र की शिकायत पर चंदौली पुलिस सतर्क हुई और मोबाइल लोकेशन के आधार पर आरोपियों तक पहुंची। सिपाही दीपक को जंसा के कतवारूपुर मोड़ से देर रात 12:30 बजे गिरफ्तार किया गया। अपहृत किसान को भी बरामद कर लिया गया।
चंदौली निवासी महिला आरक्षी के पिता के अपहरण मामले में लापरवाही पर एसपी अंकुर अग्रवाल ने बलुआ थाना के मारूफपुर चौकी इंचार्ज शिवमणि त्रिपाठी को रविवार देर शाम सस्पेंड कर दिया। सकलडीहा सीओ अनिरुद्ध सिंह ने बताया कि घटना की जानकारी के बाद भी चौकी इंचार्ज ने इसकी सूचना कंट्रोल रूम को नहीं दी। वैसे भले ही मामला हमारे क्षेत्र का न रहा हो। चंदौली पुलिस ने गाजीपुर पुलिस की पूरी मदद की।