थाना क्षेत्र के कुंडेसर गांव के सिवान में किसान रामविलास यादव की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया। पुलिस ने स्थानीय चट्टी से रविवार को दो आरोपियों को गिरफ्तार कर हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी बरामद किया। पुलिस की पूछताछ में दोनों ने स्वीकार किया कि आशनाई चक्कर में उन्होंने रामविलास की हत्या की थी।
थानाध्यक्ष वागीश विक्रम सिंह ने बताया कि कुंडेसर निवासी रामविलास यादव की हत्या के मामले में पखनपुरा निवासी श्रीभगवान उर्फ मुन्ना राजभर तथा कुंडेसर निवासी लालजी यादव की तलाश जारी थी। संभावित ठिकानों पर दबिश देने का क्रम चल रहा था। इसी दौरान मुखबिर की सूचना मिलने पर एक आटो में बैठे दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ के दौरान आरोपी श्रीभगवान उर्फ मुन्ना राजभर निवासी फखनपुरा और लालजी यादव निवासी कुंडेसर ने बताया कि रामविलास की हत्या आशनाई के चलते हम दोनों ने मिलकर की है। थानाध्यक्ष ने बताया कि श्रीभगवान उर्फ मुन्ना और रामविलास यादव दोनों का संबंध एक ही युवती से था। पुलिस को भी सीडीआर के जरिए दोनों के युवती से एक सप्ताह में सैकड़ों बार बात होने की बात सामने आई। श्रीभगवान उर्फ मुन्ना ने रामविलास को रास्ते से हटाने का मन बनाया और इस कार्य में कुंडेसर के लालजी यादव को सहयोगी बनाया। बीते 19 जनवरी की शाम लालजी के परिवार की मोबाइल से रामविलास को खेत के पास बुलाया गया। रामविलास उस समय पड़ोसी के यहां अलाव ताप रहा था। रामविलास वहां से चल दिया। खेत के पास लालजी यादव रामविलास से बात करने लगा तथा श्रीभगवान उर्फ मुन्ना ने पीछे से रामविलास के सिर पर कुल्हाड़ी से वार कर मौत के घाट उतार दिया। वांछित अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया गया। तलाशी के दौरान श्रीभगवान उर्फ मुन्ना राजभर के पास से एक मोबाइल तथा 450 रुपये नगद तथा लालजी के पास से एक मोबाइल तथा 180 रुपये नगद बरामद हुए। आला कत्ल कुल्हाड़ी भी बरामद हुआ। गिरफ्तार दोनों आरोपियों का चालान कर दिया गया।