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Mukhtar Ansari: माफिया मुख्तार गैंग के सक्रिय सदस्यों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, 17 लाख से अधिक रुपये जब्त

Tue, 12 Mar 2024 06:48 PM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, गाजीपुर।

सार

मुख्तार अंसारी के सालों द्वारा रिश्तेदारों के खाते में ट्रांसफर 17 लाख 65 हजार 120 रुपये पुलिस प्रशासन द्वारा जब्त किए गए हैं। यूपी सरकार के निर्देश पर माफिया गैंग के सक्रिय सदस्यों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। 
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Mukhtar Ansari - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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माफिया मुख्तार अंसारी गिरोह का सक्रिय सदस्य सगे सालों के खिलाफ जिला और पुलिस प्रशासन ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई की है। दोनों ने अपराधिक कृत्यों से अर्जित 17 लाख 65 हजार 120 रुपये कंपनी मेसर्स विकास कंसट्रक्शन के बैंक खातों से ट्रांसफर करके रिश्तेदारों (आईएस- 191 गैंग सरगना मुख्तार अंसारी के पुत्र अब्बास अंसारी, उमर अंसारी और चचेरे भाई मंसूर अंसारी) के विभिन्न बैंक खातों में संरक्षित किया था। डीएम के निर्देश पर पुलिस प्रशासन ने गैंगस्टर एक्ट के तहत जब्त कर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी।   

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शासन के निर्देश पर जिला और पुलिस प्रशासन लगातार संगठित अपराध को अंजाम देने वालों एवं भू-माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई का डंडा चलाकर नकेल कस रही है। नगर कोतवाली में गैंगस्टर एक्ट के तहत मुख्तार के साले अनवर शहजाद और सरजील उर्फ आतिफ निवासी सैय्यदबाड़ा के खिलाफ मुकदमा दर्ज है। 

गैंगस्टर एक्ट के तहत दर्ज मुकदमा की छानबीन जंगीपुर थानाध्यक्ष द्वारा किया जा रहा है। इन्होंने जिला और पुलिस प्रशासन को जारी रिपोर्ट में बताया कि मुख्तार के दोनों सालों द्वारा संचालित कंपनी मेसर्स विकास कंस्ट्रक्शन के बैंक खातों से ट्रांसफर करके अपने रिश्तेदारों (आईएस-191 गैंग सरगना मुख्तार अंसारी के पुत्र अब्बास, उमर अंसारी और चचेरे भाई मंसूर अंसारी) के विभिन्न बैंक खातों में 17 लाख 65 हजार 120 रुपये संरक्षित कर रखा है। रिपोर्ट के आधार पर डीएम आर्यका अखौरी ने धनराशि को जब्त करने का निर्देश दिया गया। 
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इसके बाद पुलिस प्रशासन ने धनराशि जब्त कर आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी। इस संबंध में एसपी ओमवीर सिंह ने बताया कि मुख्तार के दोनों सालों द्वारा अपराधिक कृत्यों द्वारा अर्जित धनराशि रिश्तेदारों के विभिन्न खातों में संरक्षित किया गया था। यह सभी खाते मुख्तार के दोनों पुत्र और चचेरे भाई के नाम से है। डीएम के निर्देश पर गैंगस्टर एक्ट के तहत धनराशि को जब्त कर लिया गया है।

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