गाजीपुर। जनपद ईट निर्माण समिति की बैठक बुधवार को रौजा स्थित एक आवास पर हुई। जिसकी अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष रजनीकांत राय ने किया। बैठक को संबोधित करते हुए समिति के महामंत्री लल्लन सिंह ने बताया कि ईट बिक्री पर जीएसटी की दर एक फीसदी से बढ़ाकर छह फीसदी और तीन फीसदी से 12 फीसदी कर दिया गया है, जो एक अप्रैल से लागू है। वहीं कोयले का रेट भी दोगुना हो गया है। नौ हजार प्रति एमटी से बढ़कर कोयला 17 हजार प्रति एमटी बिक रहा है। पिछले दो वर्ष से यह व्यवसाय कोरोना के चलते घाटे में चल रहा था। जीएसटी में वृद्धि और कोयले के बढ़ते रेट के चलते इस व्यवसाय को चला पाना संभव नहीं है।
आरोप लगाया कि ईट पथाई के लिए भट्ठों पर मिट्टी गिराने पर पुलिस उत्पीड़न कर रही है। प्रदूषण सहमति के नाम पर भी भट्ठा स्वामियों का शोषण हो रहा है। इस दशा में यह व्यवसाय घाटे मेें चल रहा है। बैठक में सर्वसम्मति से ये निर्णय लिया गया कि आगामी वर्ष में ईट भट्ठों पर कोई कार्य नहीं होगा। सरकार की गलत नीतियों के खिलाफ भट्ठों पर पूर्ण रूप से हड़ताल रहेगा। उत्तर प्रदेश ईट निर्माता समिति तथा आल इंडिया ब्रिम्स राइल्स महासंघ के निर्णय के साथ जनपद के भट्ठा स्वामी लेबरों को एडवांस नहीं देगें, नहीं भट्ठों पर कोयला गिराएंगें। अंत में अध्यक्ष रजनी कांत राय ने सबका आभार व्यक्त किया। बैठक में घूरा सिंह, विपिन राय, मुन्ना यादव, श्यामनारायन सिंह, आसिफ अली, संजय सिंह, दीपचंद्र कुशवाहा, रींकूूूूूूूूूूूूूू राय, मनोज सिंह, गोपाल राय, प्रमोद पांडेय, सदानंद यादव, पवन राय और विनोद चौहान उपस्थित रहे।