गाजीपुर। जिले में वर्ष 2017 में हुए 17वी विधानसभा के चुनाव में भाजपा ने तीन सीटों पर अपना कब्जा जमाया लेकिन खास बात थी कि तीन महिला प्रत्याशी जीतकर विधानसभा पहुंची। भाजपा के गठबंधन दल सुभासपा ने भी दो सीटों पर अपनी उपस्थित दर्ज कराई। सपा को भी दो सीटों पर जीत हासिल हुई। इस चुनाव में बसपा और भाकपा का सफाया हो गया।
मुहम्मदाबाद सीट जीतकर अलका राय और सैदपुर सीट से विजय हासिल कर सुभाष पासी ने दूसरी बार विधायक बने। इस चुनाव की सबसे खास बात यह रही कि इसमे तीन महिलाओं ने विजय का पताका लहराई। तीनों भाजपा के टिकट पर विधानसभा पहुंची। अलका राय के अलावा गाजीपुर सदर से डा. संगीता बलवंत बिंद और जमानिया से सुनीता सिंह विधानसभा में पहुंची। सुभासपा ने भाजपा से गठबंधन कर इस चुनाव में जहूराबाद और जखनिया ( अनुसूचित) सीट पर परचम लहराया। जखनिया से त्रिवेणी राम जीते तो जहूराबाद से पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर की जीत हुई। जंगीपुर से सपा के वीरेंद्र यादव को जीत हासिल हुई।
17वीं विधानसभा में पहुंचे
जखनिया(अनुसूचित)- त्रिवेणी राम (सुभासपा)।
सैदपुर -( अनुसूचित) - सुभाष पासी ( सपा ) ।
गाजीपुर सदर - डा संगीता बलवंत बिन्द (भाजपा)
जंगीपुर -विरेन्द्र यादव ( सपा )
जहूराबाद - ओम प्रकाश राजभर ( सुभासपा)
मुहम्मदाबाद - अलका राय (भाजपा)
जमानिया- सुनीता सिंह ( भाजपा )
उप चुनाव में किसमती देवी को मिली थी जीत
विधान सभा 2012 के चुनाव में जंगीपुर सीट से कैलाश यादव विजयी हुए थे। विधानसभा का पांच साल का कार्यकाल पूरा होने से एक साल पूर्व ही उनका निधन हो गया। उनके निधन से रिक्त हुई इस सीट पर वर्ष 2016 में उप चुनाव हुआ जिसमें उनकी पत्नी किसमती देवी विजयी हुई और उन्हें जिले में तीसरी महिला विधायक बनने का गौरव हासिल हुआ था। इनसे पूर्व यह श्रेय शारदा चौहान और अलका राय को प्राप्त हो चुका था। अगर वर्ष 2017 के चुनाव को भी शामिल कर देखे तो अब तक कुल पांच महिलाओं को जिले में विधायक बनने का सौभाग्य प्राप्त हो चुका है। अन्य दो महिला विधायकों में डा. संगीता बलवंत बिंद और सुनीता सिंह शामिल हैं।