गहमर। कोतवाली क्षेत्र के नरवाघाट पर नहाते समय गंगा में डूबे मिठाई विक्रेता सत्यनारायण गुप्ता उर्फ रिंकू का शव 10 वें दिन सोमवार की रात घटना स्थल से करीब आठ किमी दूर बिहार के चौसा स्थित महादेवा घाट पर मिला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी।
प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि गहमर पट्टी बाबूराय निवासी सत्यनारायण गुप्ता उर्फ रिंकू बीते 29 मार्च की सुबह गहमर गांव के नरवाघाट पर गंगा नदी में नहा रहे थे। इस दौरान असंतुलित होकर गहरे में पानी जाने से डूब गए थे। हादसे के बाद पुलिस रिंकू गुप्ता की तलाश में स्थानीय गोताखोरों की मदद से जुटी रही।
स्थानीय गोताखोरों के साथ-साथ बिहार और अन्य स्थानों से बुलाए गए गोताखोरों ने लगातार तीन दिनों तक खोजबीन की, लेकिन सफलता नहीं मिली। घटना के चौथे दिन 36 वें आपदा वाहिनी पीएसी के जवानों ने मोटरबोट की सहायता से घटनास्थल के एक किलोमीटर के दायरे में तलाशी अभियान चलाया, लेकिन तब कोई सुराग नहीं मिला था। प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
29 मार्च को गहमर गांव के पट्टी भैरवराय निवासी सत्यनारायण गुप्ता उर्फ रिंकू (40) सुबह करीब दस बजे घर से गंगा नदी के नरवा घाट पर नहाने गए थे। काफी देर तक घर नहीं लौटने पर परिजन खोजबीन करते हुए गंगा घाट पहुंचे। मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय गोताखोरों की मदद से डूबे युवक की तलाश शुरु की, लेकिन सफलता नहीं मिल सकी। परिवार के लोग घाट पर बिलखते रहे, लेकिन युवक का कहीं भी पता नहीं चला था।