ज्ञानपुर। माध्यमिक विद्यालयों में ऑनलाइन हाजिरी लगाने की व्यवस्था जुलाई 2025 से शुरू है, लेकिन 14 माह बाद भी जिले के विद्यालयों में अब भी रजिस्टर पर शिक्षकों और विद्यार्थियों की उपस्थिति दर्ज हो रही है। जिससे पूर्वांचल में भदोही की प्रगति काफी चिंताजनक है। माध्यमिक शिक्षा परिषद की नाराजगी के बाद डीआईओएस ने सभी 193 विद्यालयों से स्पष्टीकरण मांगा। जिले में 38 राजकीय, 25 वित्तपोषित और 130 वित्तविहीन माध्यमिक एवं इंटर कॉलेज हैं। इनमें करीब एक लाख 30 हजार विद्यार्थी पंजीकृत हैं। परिषदीय विद्यालयों की तर्ज पर एक जुलाई 2025 से माध्यमिक स्कूलों में भी शिक्षकों और विद्यार्थियों की ऑनलाइन हाजिरी लगाने की पहल शुरू की गई है। राजकीय और एडेड विद्यालयों में पोर्टल पर कुछ शिक्षकों और विद्यार्थियों की हाजिरी लगनी शुरू हुई, लेकिन शत प्रतिशत नहीं। वित्तविहीन में तो अभी तक पोर्टल ही नहीं बनाया गया। करीब 14 महीने बाद भी तकनीकी कारण का बहाना बताकर विद्यार्थियों और शिक्षकों की ऑनलाइन हाजिरी नहीं लगाई जा रही है।
माध्यमिक शिक्षा परिषद की पिछले दिनों हुई बैठक में पूर्वांचल में भदोही स्थिति काफी खराब पाई गई। जिसमें कहा गया कि सभी सरकारी, गैर-सरकारी सहायता प्राप्त और वित्तविहीन माध्यमिकस्कूलों को छात्रों, शिक्षकों और गैर-शिक्षण कर्मचारियों की शत प्रतिशत ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करनी होगी। उपस्थिति परिषद के वेब पोर्टल या मोबाइल एप के माध्यम से दर्ज करनी होगी। उच्चाधिकारियों की हिदायत के बाद डीआईओएस ने सभी स्कूलों के प्रधानाचार्यों से स्पष्टीकरण मांगा। डीआईओएस अंशुमान ने बताया कि ऑनलाइन हाजिरी को लेकर सभी 193 विद्यालयों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। माह के अंत तक सुधार न होने पर कार्रवाई की जाएगी।