रामलीला चौराहा स्थित पानी की टंकी
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फिरोजाबाद। झालगोपालपुर नहर में शुक्रवार से गंगाजल की आपूर्ति नहीं होगी। निचली गंगा नहर प्रणाली में 27 सितंबर से 30 अक्तूबर तक नहर बंदी रहेगी। नहर की सफाई के लिए नहरबंदी की जा रही है। सिंचाई विभाग ने इसका रोस्टर जारी कर दिया है। झालगोपालपुर नहर से गंगाजल की आपूर्ति थमने पर शहर के लोगों को नगर निगम को अपने पुराने सिस्टम से जलापूर्ति देनी होगी। अभी तो शहर की अधिकांश भूमिगत जलाशय और पेयजल टंकियां जेड़ाझाल परियोजना से मिलने वाले गंगाजल से भरी जा रही हैं।
गंगाजल की सप्लाई थमने पर यह जलाशय नलकूपों से भरने की चुनौती नगर निगम के सामने होगी। ऐसे में जिस प्रेशर से पानी अभी घरों तक पहुंच रहा है उतने प्रेशर से नहीं पहुंच सकेगा। रविवार से पेयजल का बड़ा संकट होगा। सिंचाई विभाग ने जल निगम को पत्र भेजा है कि विश्व बैंक पोषित योजना के अंतर्गत मुख्य नहर एवं सहायक नहरों में पानी की क्षमता बढ़ाने तथा सफाई कराने के लिए 27 सितंबर से 30 अक्तूबर नहर बंदी रहेगी। अभी शहर को गंगाजल झालगोपालपुर नहर से मिल रहा है। इस नहर का पानी पहले नंदपुर पर बनाए गए इंटेक प्लांट तक आता है। इंटेक प्लांट से यह पानी सैलई पर बनाए गए वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट से शोधन कर शहर के विभिन्न जलाशयों को दिया जाता है। नहर में शुक्रवार से जब गंगाजल नहीं छोड़ा जाएगा तब नंदपुर इंटेक प्लांट तक पानी नहीं मिल सकेगा।