दूसरे चरण में एका एवं नारखी ब्लाक में होने वाले चुनाव के लिए नामांकन पत्र जमा करने को प्रत्याशियों की भीड़ रही। प्रधान और ग्राम पंचायत सदस्य के प्रत्याशी लाव लश्कर के साथ जुलूस के रूप में ब्लाक तक पहुंचे। शाम चार बजे तक प्रत्येक काउंटर पर लंबी कतार लगी दिखाई दी।
नारखी, एका ब्लाक के 119 प्रधान और 1545 ग्राम पंचायत सदस्य पद के लिए नामांकन पत्र दाखिल करने को प्रत्याशी लाव लश्कर के साथ पहुंचे। एका ब्लाक के 58 प्रधान और 758 ग्राम पंचायत सदस्य पद के नामांकन पत्र जमा करने के लिए सभी आठ न्याय पंचायतों के काउंटरों पर भीड़ लगी थी। आरओ जिला कृषि अधिकारी अखिलेश पांडेय और बीडीओ एके जौहरी स्टाफ के साथ मुस्तैद थे। भीड़ के कारण मुख्य चौराहा के साथ सब्जी मंडी के पास जाम लगा रहा। सीओ शमशेर सिंह, एसओ एका जनवेद सिंह यादव के साथ पुलिस कर्मी यातायात व्यवस्था दुरुस्त करने में लगे रहे। नारखी ब्लाक में 61 प्रधान व ग्राम पंचायत सदस्य के 787 पदों के लिए नामांकन पत्र जमा करने के लिए प्रत्याश पहुंचे। समर्थकों को ब्लाक के प्रवेश द्वार पर रोका गया। आरओ बंदोबस्त अधिकारी चकबंदी पुष्कर बाबू के अलावा न्यायपंचायत वार एआरओ मुस्तैद थे। शाम को चार बजे तक काउंटरों पर नामांकन पत्र दाखिल करने वालों की कतार लगी दिखाई दी। एसडीएम सदर डा. पंकज वर्मा, सीओ टूंडला एसएस भारद्वाज, एसओ नारखी, पचोखरा के साथ काफी पुलिस बल मौजूद था।
शपथपत्र बनाने को लगाए काउंटर
नारखी। नामांकन पत्र जमा करने के दौरान प्रत्येक प्रत्याशी को शपथपत्र बनवाना था। इसके लिए अधिवक्ताओं ने काउंटर बना रखे थे।
ब्लाक के बाहर उमड़ा हुजूम
नारखी। ब्लाक के बाहर प्रत्याशी समर्थकों का हुजूम दिखाई दिया। चाट पकौड़ी की ठेल-ढकेल पर भीड़ लगी थी।
प्रत्याशियों ने कराया भोजना
नारखी (ब्यूरो)। नामांकन पत्र जमा करने के बाद प्रधान पद के प्रत्याशियों ने समर्थकों को सड़क पर बैठा कर भोजन कराया। महिलाएं, बच्चे, पुरुष भी ब्लाक के बाहर सड़क के किनारे भोजन करते दिखाई दिए।
एका मुस्तफाबाद मार्ग रहा जाम
एका (ब्यूरो)। एका ब्लाक पर नामांकन के लिए ग्रामीण अंचल से उमड़ी भीड़ के कारण एका-मुस्तफाबाद मार्ग पूरे दिन जाम रहा। जाम के चलते लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा।
घूंघट की ओट में पहुंची महिलाएं
एका/नारखी (ब्यूरो)। एका एवं नारखी ब्लाक में नामांकन करने महिला प्रधान पद की प्रत्याशी लंबा घूंघट कर के पहुंची। महिला प्रत्याशी के साथ उनके पतियों के नाम के नारे लगाए जा रहे थे।
नहीं जमा हुई फीस, कई बैरंग लौटे
नारखी (ब्यूरो)। प्रधान पद के कई प्रत्याशियों को जमानत राशि का चालान जमा नहीं करने के कारण बैरंग लौटना पड़ा। उम्मीद थी कि नकद जमानत राशि जमा हो जाएगी लेकिन ब्लाक पर इसकी व्यवस्था नहीं देख वह लौटने को विवश हुए। बैंकों में काफी भीड़ होने के कारण भी चालान जमा नहीं कर सके।