मीट विक्रेता प्रतिबंतिध मछली की बिक्री कर रहे हैं। इसके सेवन से शरीर पर विपरीत असर पड़ता है। लगातार सेवन से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी भी हो सकती है। ऐसे में प्रशासन के साथ मत्स्य विभाग ने छापेमारी कर कार्रवाई की।
फिरोजाबाद के शिकोहाबाद में मछली खाने के शौकीन लोगों के साथ मीट विक्रेता उनके स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। उन्हें कैंसर की बीमारी देने वाली प्रतिबंधित थाई मांगुर मछली बेची जा रही है। मत्स्य विभाग की टीम ने तहसीलदार के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए रुकनपुरा मोहल्ले से बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित थाई मांगुर मछली को जब्त किया। जिन्हें गड्ढा खुदवाकर नष्ट कराया गया।
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मोहल्ला रुकनपुर में विभिन्न स्थानों पर प्रतिबंधित थाई मांगुर मछली धड़ल्ले से मीट विक्रेताओं द्वारा बेची जा रही है, जोकि मछली खाने के शौकीन लोगों को कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी से ग्रसित कर रही है। बृहस्पतिवार को मत्स्य विभाग के सहायक निदेशक प्रशान्त गंगवार ने अपनी टीम के साथ सूचना मिलने के बाद मोहल्ला रुकनपुर में छापेमारी की।
इस दौरान उनके साथ तहसीलदार कीर्ति चौधरी भी मौजूद रहीं। टीम ने एक दुकान से प्रतिबंधित मछलियां बरामद कीं। अधिकारियों ने प्रतिबंधित मछलियों को जब्त कर लिया। इसके साथ ही उन्होंने दुकानदारों को भी सख्त चेतावनी दी है कि अगर प्रतिबंधित मछली की बिक्री की तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई कराई जाएगी।
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मत्स्य विभाग के सहायक निदेशक प्रशान्त गंगवार ने बताया कि थाई मांगुर मछली के सेवन से स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव पड़ता है। इसके लगातार सेवन से कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी का खतरा बढ़ जाता है। इस मछली की बिक्री पूरे देश में प्रतिबंधित है। अधिकारियों ने जब्त की गई मछलियों को गड्ढा खुदवाकर नष्ट करवाया।