फिरोजाबाद के 100 शैय्या अस्पताल में शुक्रवार सुबह प्रसव के दौरान एक बच्चे की मौत हो गई। प्रसूता के परिजन ने हंगामा किया। आरोप लगाया कि 31 दिसंबर को जब अस्पताल लाए थे, तो 14 हजार रुपये की आशा ने मांग की थी। रुपये न देने पर लौटा दिया था। शुक्रवार सुबह फिर से तबीयत बिगड़ने पर 100 शैय्या अस्पताल में भर्ती कराया। यहां गलत इंजेक्शन लगा दिया, जिससे की बच्चे की गर्भ में ही मौत हो गई। मृत बच्ची पैदा हुई।
मोहसिन निवासी अजमेरी गेट, आकाशवाणी रोड, रामगढ़ ने बताया कि उसने पत्नी नाजिया को 31 दिसंबर को प्रसव पीड़ा होने पर 100 शैय्या अस्पताल में भर्ती कराया था। यहां एक आशा मिली, जिसने 14 हजार रुपये में प्रसव कराने की बात कही। 14 हजार रुपये न होने की बात कहते हुए 4 हजार रुपये देने पर वह राजी हो गया। मगर, पत्नी को भर्ती करने की बजाए लौटा दिया।
शुक्रवार सुबह पत्नी को फिर से प्रसव पीड़ा हुई। वापस 100 शैय्या अस्पताल में भर्ती कराया। आरोप है कि यहां डॉक्टर व स्टाफ ने गलत इंजेक्शन लगा दिया। इससे मृत बच्ची पैदा हुई। हद तो तब हो गई, जब मृत बच्ची और पत्नी को सौंप दिया और अस्पताल में भर्ती कराने व उपचार देने के दस्तावेज तक देने से मना कर दिया। इसी बात पर हंगामा किया गया। तब जाकर भर्ती किए जाने संबंधी दस्तावेज दिए गए। इंस्पेक्टर थाना उत्तर अंजीश कुमार सिंह ने बताया कि फिलहाल महिला व उसके पति या परिजन की ओर से कोई तहरीर नहीं दी गई है।