फिरोजाबाद के थाना नगला खंगर क्षेत्र के एक गांव निवासी किशोरी बिन ब्याही मां बन गई। उसने पाप छिपाने के लिए जन्मी नवजात बच्ची को प्लास्टिक की पन्नी में बंद करके खुले मैदान में फेंक दिया था। पुलिस ने मामले की जांच की तो हकीकत सामने आ गई। पुलिस ने परिजन की तहरीर के आधार पर आरोपी शादीशुदा युवक के खिलाफ दुष्कर्म, एससीएसटी एक्ट एवं भ्रूण की हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्जकर जेल भेजने की कार्रवाई की है।
थाना प्रभारी नगला खंगर गिरीश कुमार ने बताया कि थाना क्षेत्र के एक गांव के बाहर मैदान में एक फरवरी को एक नवजात बालिका प्लास्टिक की पन्नी में बंद मिली थी। पुलिस एवं स्वास्थ्य विभाग के स्टाफ ने उक्त बालिका को लाकर उसका उपचार के लिए भर्ती करा दिया। उसका कोई जब दावेदार नहीं निकला तो पुलिस ने मामले की गहनता से जांच की।
पुलिस की जांच के दौरान उक्त किशोरी के पास पहुंच गई जिसके साथ घटना हुई थी। पुलिस ने किशोरी से पूछा तो उसने हकीकत पुलिस को समक्ष बयां कर दी। किशोरी के साथ शादीशुदा युवक कन्हैया उर्फ रोहित ने दुष्कर्म किया था। उससे वह गर्भवती हो गई थी। समाज से बचने के लिए उसने बालिका को जन्म देने के बाद चुपचाप उसे प्लास्टिक की पन्नी में बंद करके फेंक दिया था।
पुलिस ने परिजन को हकीकत बताई तो फिर पीड़िता की मां ने आरोपी युवक के खिलाफ थाने में किशोरी से दुष्कर्म,एससीएसटी एक्ट एवं भ्रूण की हत्या का प्रयास का मामला दर्जकर लिया। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज करने के बाद आरोपी कन्हैया उर्फ रोहित को भदान चौराहे के पास से गिरफ्तार करके जेल भेज दिया है।