शिकोहाबाद। धोबी गली की घनी आबादी के बीच बिस्किट गोदाम के बेसमेंट में 19 क्विंटल पटाखों के अवैध भंडारण का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने आरोपी चाचा-भतीजे के खिलाफ पटाखा विस्फोटक अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है। बिस्किट की आड़ में पटाखों का अवैध भंडारण किया जा रहा था। इसकी पुलिस को कानों-कान भनक तक नहीं थी। ऐसे में लंबे समय से बिना परमिशन किए जा रहे अवैध भंडारण को लेकर पुलिस की भूमिका पर भी सवाल खड़े होने लगे हैं।
थाना क्षेत्र की धोबी गली निवासी शिवम मल्होत्रा के पिता नीटू पिछले कई वर्षों से पटाखे का कारोबार करते हैं। उनका पुत्र शिवम और मनीष मल्होत्रा भी इस काम में उसका साथ दे रहे थे। शिवम के परिवार के पास एक प्रतिष्ठित कंपनी के बिस्किट की एजेंसी भी है। बिस्किट का माल भी इसी गोदाम में रखा जाता है। इस बात की पुष्टि खुद सीओ शिकोहाबाद ने बातचीत के दौरान की। पटाखा कारोबार के कारण पटाखों को भी इस गोदाम के बेसमेंट में घनी आबादी के बीच में रखा गया था। पुलिस ने जब छापेमारी की, तो पटाखों का 19 क्विंटल माल का अवैध भंडारण गोदाम से बरामद हुआ। जिसको पुलिस ने फायर ब्रिगेड शिकोहाबाद के सुपुर्द किया है। इस मामले में पुलिस ने शिवम मल्होत्रा निवासी धोबी गली एवं मनीष कुमार निवासी पंजाबी कॉलोनी शिकोहाबाद के खिलाफ विस्फोटक अधिनियम-1884 के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।
सिफारिशों के बीच छोड़े आरोपी, दर्ज की प्राथमिकी
शिकोहाबाद। पटाखे के अवैध भंडारण का मामला उजागर होने के बाद पुलिस ने उसी दौरान दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया था। जिसके बाद देररात तक सिफारिशों का दौर चलता रहा। आखिरकार पुलिस को दोनों आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर उन्हें रिहा करना पड़ा। इस बीच माल से लदे एक लोडर को छोड़ने की चर्चा भी जोर पकड़े रही। हालांकि, माल से भरे एक लोडर के छोड़े जाने की बात से सीओ शिकोहाबाद जयविंद गुप्ता ने साफ तौर पर इनकार कर दिया।
2025 का भी था स्टॉक, पुलिस थी बेखबर
जहां से यह माल बरामद हुआ, वहां से सब्जी मंडी चौकी चंद कदमों की दूरी पर है। एएसपी/सीओ शिकोहाबाद जयविंद गुप्ता के अनुसार गोदाम में 2025 और 2026 दोनों सालों का माल रखा हुआ था। गोदाम में एक साल पहले का भी स्टॉक था। बावजूद इसके पुलिस को इसकी कानों-कान भनक तक नहीं थी।