फिरोजाबाद में बंदी आकाश की मौत के बाद शुक्रवार को हुए बवाल और परिजन द्वारा पीट-पीटकर हत्या किए जाने के आरोपों ने मामले को काफी उलझा दिया है। जेल प्रशासन जहां अस्पताल में मौत होने की बात कह रहा है। लेकिन आकाश के शरीर में चोट के निशान होने के कारण उसके साथ मारपीट किए जाने की ओर इशारा करते है। इस कारण आकाश को किस हाल में जिला कारागार से अस्पताल में लाया गया यह तो जेल में लगे सीसीटीवी कैमरों से राज खुल सकता है।
बंदी की पत्नी प्रीति का कहना है कि उसके पति को बेरहमी से पीटा गया है। इसी कारण उनकी मौत हुई है। उन्हें चाहे जेल में पीटा गया या फिर पुलिस कर्मियों ने पीटा यह उन्हें नहीं पता है। लेकिन पिटाई जरूर की गई है।
बंदी के परिजनों के आरोपों की स्थिति जिला कारागार में निगरानी करने को जो सीसीटीवी कैमरों को लगाया गया है उनको देखने के बाद स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। अब देखना यह होगा कि आकाश की मौत के लिए गठित कमेटी इन कैमरों की जांच करती है कि नहीं।
जांच में सामने आएगा पूरा सच
जेल में बंदी की मौत के बाद अब इस प्रकरण की ज्यूडिशियल जांच की जाएगी। इस जांच में ज्यूडिशियल की टीम लगेगी। जिससे पूरे प्रकरण का सच सामने आ सकेगा।
दस घंटे तक एंबुलेंस में रखा रहा शव
बवाल होते ही उपद्रवियों ने पथराव करने के साथ कुछ फायर भी किए थे। इसके बाद बाइकों को तोड़ने के बाद एक बाइक को आग के हवाले कर दिया था। इसके बाद मृतक का शव लेकर जा रही एंबुलेंस को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। पुलिस द्वारा बल प्रयोग किए जाने के बाद मृतक का शव पूरी रात करीब दस घंटे तक एंबुलेंस में रखा रहा।
सुबह डीएम रमेश रंजन, एसएसपी सौरभ दीक्षित, एडीएम विशुराजा ने पीड़ित परिवार से बात की। इसके बाद एंबुलेंस से शव घर तक भेजा गया। इस दौरान पूरे घटनाक्रम पर नजर एडीजी आगरा जोन अनुपम कुलश्रेष्ठ व आईजी रेंज दीपक कुमार बनाए रहे थे।
रातभर डेरा डाले रहे आईजी
बंदी की मौत के बाद हुए बवाल की खबर लगते ही आईजी रेंज आगरा दीपक कुमार फिरोजाबाद आ गए थे। उन्होंने भ्रमण करने के बाद देर रात तक एसपी सिटी कार्यालय पर रणनीति बनाई। इसके बाद पूरी रात कैंप किए रहे। मामला निपटने के बाद शनिवार सुबह आगरा के लिए रवाना हो गए।
अराजकता फैलाने पर जिला पंचायत सदस्य, पार्षद सहित 32 नामजद
थाना दक्षिण के हिमांयूपुर चौराहे पर बंदी आकाश की मौत के बाद हुए बवाल, पथराव, फायरिंग के मामले में जिला पंचायत सदस्य प्रवेश कुमारी, पार्षद संघ मित्रा सहित 32 नामजद और 20 से 25 अज्ञात के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा, पथराव करने, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने सहित संगीन धाराओं में थाना दक्षिण प्रभारी ने मुकदमा दर्ज कराया है।
इस घटना में नगर मजिस्ट्रेट राजेंद्र कुमार, थाना प्रभारी रामगढ़, एसआई व कांस्टेबल एवं राहगीर घायल होने के कारण उपचार को सरकारी ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करने के साथ मामले की जांच शुरू कर दी है।
थाना दक्षिण के नगला पचिया निवासी बंदी आकाश की मौत के बाद हिमांयूपुर चौराहे पर शव को रखकर जाम लगाने के दौरान बवाल के मामले में थाना प्रभारी दक्षिण योगेंद्रपाल सिंह ने दर्ज कराई रिपोर्ट में कहा कि वह हमराही पुलिस फोर्स के साथ क्षेत्र में भ्रमण पर थे।
इसी दौरान हिमांयूपुर चौराहे पर एकत्रित लोगों ने एक बाइक के साथ लाठी, डंडे, सरिया ईट, पत्थर एवं जूते चप्पल लेकर उक्त लोगों ने पथराव करना शुरू कर दिया। इससे क्षेत्र में बवाल मच गया। इसमें एक बाइक को आग लगाने के साथ पांच वाहनों व एंबुलेंस में तोड़फोड़ की।
इससे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। बाजार बंद हो गया। इसमें घायल नगर मजिस्ट्रेट राजेंद्र कुमार, थाना प्रभारी रामगढ़ प्रदीप कुमार, एसआई देवेश कुमार एवं हेड कांस्टेबल मोहन श्याम एवं हिमायूंपुर निवासी राहगीर संजय पुत्र आजाद सिंह घायल हो गए। इन सभी का उपचार सरकारी ट्रॉमा सेंटर में कराया है।
थाना प्रभारी ने कहा कि इस घटनाक्रम में नगला करन सिंह निवासी सोबरन सिंह, जिला पंचायत सदस्य प्रवेश कुमारी, सुषमा कुमारी, भीमनगर निवासी पार्षद संघ मित्रा, बबलू कुमार कटरा मोहल्ला, सोनू उर्फ सतेंद्र, चंद्रवार गेट निवासी निगम वाल्मीकि, गुलाब संत नगर,भोजपुरा निवासी योगेश गौतम, हेमेंद्र सिंह, रानू, महेंद्र की पत्नी, बंटी, गगनदीप, रंजीत, आदेश कुमार, सुजाता, सैलई निवासी नत्थू, नगला मिर्जा बड़ा निवासी हिमांशु, मोनू, सोनू आजाद, सौरभ बाउन्सर, बंटी, सोना, गुड्डू, हर्षवर्धन, धर्मसागर, जगदीश, हरेंद्र, लालाराम,अरविंद, धर्मवीर का लड़का के साथ 20 से 25 अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ अभियोग दर्ज कराया है।
एबुलेंस चालक ने दस नामजद, 40 से 50 अज्ञात के खिलाफ दर्ज कराई रिपोर्ट
हिमांयूपुर चौराहे पर हुए बवाल के मामले में थाना उत्तर के सत्यनगर टापाकलां निवासी 108 एंबुलेंस चालक रिंकू कुमार ने हेमेंद्र सिंह, गगनदीप, गुलाब सिंह, निगम वाल्मीकि, बबलू, हिमांशु, सौरभ बाउंसर, सोनू उर्फ सतेंद्र, जगदीश, नत्थू के अलावा 40 से 50 अज्ञात लोगों के खिलाफ जान से मारने की नीयत से एंबुलेंस पर पथराव करके सरकारी संपत्ति के नुकसान पहुंचाने, 7 लॉ क्रमिनल अमिटमेंट एक्ट सहित संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया है।