गाजीपुर। तीन दिन बीतने के बाद भी पुलिस खुद पर हमला करने वालों को तलाश नहीं पाई है। मामला गाजीपुर थाना क्षेत्र के सरकी गांव का है। जहां पर छह भाइयों ने न सिर्फ दरोगा व सिपाही को दौड़ाकर उन पर फायर भी किए थे। अभी तक मामले में सिर्फ एक ही आरोपी गिरफ्तार किया जा सका है।
गाजीपुर थाना क्षेत्र के सरकी गांव में उपनिरीक्षक अरविंद मौर्या और सिपाही अनूप शुक्ला पर नौ नवंबर की रात सगे भाइयों रिंकू सिंह, गोलू सिंह, रविकरन व इनके चचेरे भाइयों सूरज सिंह, मुन्ना सिंह, संजीव सिंह ने हमला किया था। उपनिरीक्षक की तहरीर पर सभी आरोपियों के खिलाफ सरकारी कामकाज में बाधा, मारपीट समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था।
पुलिस मंगलवार को गांव में दो बार आरोपियों की तलाश में उनके नलकूप पर भी पहुंची। गांव के जंगल में भी घूमती रही। इसके अलावा आरोपियों के रिश्तेदारों व करीबियों के घर सरकंडी, रामनगर कौंहन, बांदा, कानपुर, बेर्रांव व कैथनपुरवा में दबिश दी। कोई आरोपी हाथ नहीं लगा।
ग्रामीणों में चर्चा रही कि आठ नवंबर को आरोपियों का एक भाई जयकरन जेल से छूटकर आया था। वह अपराधी किस्म का है। पुलिस पर हमले के बाद से सभी भाई भागे हुए हैं।
उनके घरों में सिर्फ महिलाएं हैं। दरोगा अरविंद कुमार मौर्या ने बताया कि एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, बाकी की तलाश जारी है।