फतेहपुर। कोराई बाईपास निर्माणाधीन रेलवे ओवरब्रिज का ढांचा बनकर तैयार हो चुका है। ओवरब्रिज निर्माण के अंतिम चरण में केवल कंकरीट डालने का काम शेष रह गया है, जो गुरुवार से शुरू कर हो गया। अधिकारियों का कहना है कि यह कार्य अगले 15 दिनों के भीतर पूर्ण कर लिया जाएगा। एक जून से ओवरब्रिज आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा। इसके साथ ही क्षेत्रीय जनता को जल्द ही जाम और ट्रैफिक की परेशानियों से निजात मिलने की उम्मीद है।
शहरवासियों को जाम से निजात दिलाने के लिए कोराई बाईपास का निर्माण कार्य 2012-13 में 424 करोड़ की लागत से कराया गया था। 2018 में रेलवे ओवरब्रिज में खराबी आ जाने के कारण बाईपास बंद कर दिया गया। जनवरी 2021 में ओवरब्रिज तोड़कर सीडीएस इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड को ओवरब्रिज बनाने के लिए दिया गया। कंपनी को ओपन ओवरब्रिज का निर्माण करने में दो साल का समय लगा। इसके बाद रेलवे से ब्लॉक न मिलने के कारण काम अटका हुआ था। दिसंबर 2024 में भारतीय रेल के डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (डीएफसी) लाइन पर करीब पांच ब्लाॅक मिलने के बाद पुल का एक हिस्सा दिसंबर में तैयार हो गया था। दूसरे यात्री ट्रैक पर ब्लॉक न मिलने से काम रुका रहा।
10 फरवरी से 12 मार्च तक रेलवे से 45-45 मिनट के तीन ब्लॉक मिले। इस बीच यात्री ट्रैक पर अस्थायी स्ट्रक्चर तैयार करके रेलवे हाईटेंशन तार को 30 फीट ऊपर शिफ्ट किया गया। इसके बाद करीब 15 ब्लॉक मिलने के बाद ओवरब्रिज के सभी काम पूरे किए गए। कार्यदायी संस्था के डिप्टी जनरल मैनेजर विवेक वर्मा व साइड इंजीनियर प्रदुमन कुमार ने बताया कि ब्लॉक मिलने के बाद कार्य तेजी से किया गया। इससे काम जल्द खत्म हुआ। अब रेलवे से कोई ब्लॉक नहीं लेना है। कंकरीट भरने का काम भी तेजी से हो रहा है। एक जून से ओवरब्रिज आम जनता को आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा। इसके साथ शहर के 50 नंबर पक्का पुल की मरम्मत के लिए शासन से एक करोड़ 22 लाख रुपये मिलने के बाद टेंडर प्रक्रिया शुरू हो गई है। शहर के जयराम नगर, शादीपुर को जोड़ने वाले रेलवे क्राॅसिंग पर बना 50 नंबर रेलवे का पांच साल बाद मरम्मत होगी। पुल के एक्सटेंशन ज्वाइंट में गैपिंग व ओवरब्रिज के कंपन को लेकर पीडब्ल्यूडी न 50 नंबर पुल मरम्मत के लिए दिसंबर 2024 में कार्ययोजना बनाकर शासन को भेजा था। शासन से 500 मीटर लंंबे पुल मरम्मत के लिए 1.22 करोड़ की स्वकृति फरवरी महीने में मिनी थी। इसके बाद विभाग ने ई टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। अप्रैल महीने में प्रक्रिया पूरी हो जाएगी और शहर वासियों को जर्जर पुल से निजात मिलेगी। पीडब्ल्यूडी अधिक्षण अभियंता एसके गौतम ने बताया कि पुल मरम्मत होने के बाद लोगों का आवागमन सुरक्षित होगा।