फतेहपुर। हाईकोर्ट ने डीआईओएस के खिलाफ अवमानना नोटिस जारी किया है। उन पर छह माह पूर्व जारी हाईकोर्ट के आदेश का क्रियान्वयन न करने का आरोप है।
राजकीय बालिका इंटर कॉलेज की चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी रामप्यारी की 10 नवंबर 2017 को सेवाकाल में मौत हो गई थी। रामप्यारी की विवाहित बेटी रेखा देवी ने डीआईओएस कार्यालय में मृतक आश्रित कोटे से नौकरी के लिए आवेदन किया था।
जिसे डीआईओएस ने खारिज कर दिया था। आवेदिका ने डीआईओएस के आदेश के खिलाफ हाईकोर्ट प्रयागराज में याचिका दाखिल की थी। याचिका में सात जून 2021 को हाईकोर्ट ने डीआईओएस को मामले का निस्तारण करने का आदेश दिया था।
सुनवाई न होने पर याची ने एकल पीठ के जस्टिस अब्दुल मोईन के यहां अवमानना वाद दाखिल किया था। खंडपीठ ने डीआईओएस के खिलाफ अवमानना नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।
डीआईओएस महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश के समय विवाहित बेटी को मृतक आश्रित का लाभ देने का शासनादेश नहीं था। इसीलिए लाभ नहीं दिया गया। अब इस संबंध में शासनादेश जारी हो गया है। जल्द ही रेखा देवी को मृतक आश्रित का लाभ मिलेगा।