बांदा सागर हाईवे की जर्जर सड़क। संवाद
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बिंदकी। सड़कों को गड्ढामुक्त करने के अभियान में अभी तक 60 फीसदी सड़कें ही दुरुस्त हो पाई है। 40 प्रतिशत सड़कों को गड्ढामुक्त करने का काम अभी बाकी है। अभियान के तहत 15 नवंबर तक सभी सड़कें गड्ढामुक्त होनी हैं। ऐसे में नियत तिथि के मात्र आठ दिन बचे हैं।
राज्य सरकार ने 15 सितंबर से 15 नवंबर तक सभी सड़कों को गड्ढा मुक्त करने का फरमान जारी किया था। इसके तहत पीडब्ल्यूडी के साथ अन्य विभागों ने सड़कों की मरम्मत का काम शुरू कराया था।
नियत तिथि 15 नवंबर में मात्र आठ दिन रह गए हैं और क्षेत्र की प्रमुख सड़कें अभी भी गड्ढों में तब्दील हैं। मुरादीपुर चौराहे से महरहा रोड में गांधी चौराहे तक सड़क पूरी तरह जर्जर है।
यह मार्ग बिंदकी कस्बे को इलाहाबाद कानपुर हाईवे से जोड़ता है। कानपुर से बुंदेलखंड को जोड़ने वाला बांदा सागर हाईवे ललौली चौराहे से लेकर भवानीपुर तक गड्ढों में तब्दील है।
कस्बे के अंदर तहसील रोड की मरम्मत का काम अधूरा है। कई जगहों पर मात्र ईट और गिट्टी डालकर सड़कें छोड़ दी गई हैं। जर्जर मार्गों के कारण आए दिन हादसे होते रहते हैं। जिसमें बाइक सवार गिरकर घायल हो जाते हैं।
अवर अभियंता पीडब्लूडी अजीत कुमार ने बताया कि पुरानी बिंदकी मोहल्ले से लेकर बांदा सागर हाईवे में जोनिहां कस्बे तक दो टीमें मरम्मतीकरण के काम में लगाया गया है। दिवाली की वजह से कुछ दिन काम बंद रहा। सोमवार से फिर सड़कों की मरम्मत शुरू हो जाएगी।