फतेहपुर। हुसेनगंज थाना क्षेत्र के जमरावां गांव में दो बेटियों के साथ महिला की जलकर मौत होने की गुत्थी उलझ गई है। मायके पक्ष की बात माने, तो यह दुर्घटना न होकर सीधे हत्या है, जबकि पति इसे खाना बनाते समय आग लगने से हुआ हादसा साबित करने की कोशिश कर रहा है।
जमरांवा गांव निवासी मोहनलाल की पत्नी कुसमा देवी (30) पुत्री काजल (3) सात महीने की रामादेवी की घर में आग लगने से जलकर मौत हो गई है। पति जहां चूल्हे पर खाना बनाते समय आग लगने की बात बता रहा है, वहीं पर मौके पर चूल्हे में एक भी लकड़ी लगी नहीं मिली है और न ही आग जलने का कोई निशान दिखाई पड़ा है। घर का बाहरी दरवाजा आग से सुरक्षित मिला है। ऐसी हालत में महिला अगर चाहती, तो दोनों बच्चियों के साथ बाहर निकलकर जान बचा सकती थी।
ग्रामीणों की मानें, तो पति मोहनलाल के गांव की विधवा युवती से अवैध संबंध हैं। इस मसले पर तीन महीने पहले पंचायत भी हो चुकी है। मायके पक्ष के मुताबिक विधवा मोहनलाल से शादी करके घर बसाना चाहती है। रास्ते का कांटा हटाने के लिए घटना को अंजाम दिया गया है। कारण कुछ भी हो, लेकिन मां और दोनों बेटियों की मौत आग से जलने के कारण हुई है। इसकी पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से हो गई है। पुलिस भी मामले को आत्महत्या मानकर चल रही है।