फतेहपुर। अनिवार्य शिक्षा अधिनियम के अधिकार से वंचित जिले के 5336 दिव्यांग बच्चों के मामले को हाईकोर्ट ने संज्ञान लिया है। आदेश पर क्रियान्वयन हुआ, तो जिले में 431 स्पेशल एजूकेटर पदों पर भर्ती होगी। ऐसा होने से दिव्यांग बच्चों को अनिवार्य शिक्षा अधिनियम का अधिकार मिलना शुरू होगा।
जिले में छह से 14 साल तक के कुल 5336 दिव्यांग बच्चे हैं। इनके पढ़ाने के लिए अभी तक कुल 45 स्पेशल एजूकेटर नियुक्त हैं। इनमें 40 सर्वशिक्षा और पांच पीएमश्री योजना के हैं। एक स्पेशल एजूकेटर को 10 बच्चे पढ़ाने का प्रावधान है। ऐसे में स्पेशल एजूकेटर सिर्फ साढ़े चार सौ दिव्यांग बच्चों को ही पढ़ा पा रहे हैं और 4886 बच्चे अनिवार्य शिक्षा अधिनियम से वंचित हैं। हाईकोर्ट ने मानक के अनुरूप दिव्यांग बच्चों को पढ़ाने के लिए शिक्षकों की नियुक्ति का आदेश जारी किया है। ऐसा होने पर सभी दिव्यांग बच्चे शिक्षा की मुख्य धारा से जुड़ सकेंगे।